खबर इंडिया की।सुल्तानपुर में एक नाबालिग 6 महीने में 7 बार अपने घर से भाग निकली। इससे आहत उसके पिता ने 18 दिन पहले फंदे पर लटक कर जान दे दी। नाबालिग की मां ने मामले में गांव के 40 साल के कोटेदार के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है।
मां ने पुलिस को बताया- पति की तेरहवीं भी बीती थी तब तक कोटेदार फिर से मेरी बेटी को भगा ले गया। उसने ही दो साथियों के साथ मिलकर मेरे पति की हत्या कर दी। फिर उनके शव को फंदे से लटका दिया। अब कोटेदार से मुझे भी जान का खतरा है
पुलिस ने नाबालिग को बरामद कर वन स्टॉप सेंटर में रखा है। नाबालिग का कहना है कि, मां की प्रताड़ना से ही तंग आकर मैं बार-बार घर से भाग जाती हूं। मेरा किसी से अफेयर नहीं है। मेरी मां झूठा आरोप लगाती रहती हैं। पूरा मामला कुड़वार थाना क्षेत्र के एक गांव का है।
जानिए- पूरा मामला:-
कुड़वार थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली महिला सोमवार को थाने पहुंची। उसने पुलिस को दी शिकायत में बताया- गांव के रहने वाला कोटेदार अवनीश सिंह राजपूत ने पिछले 7 महीने से मेरी नाबालिग बेटी (16) को प्रेमजाल में फंसा रखा है।
अवनीश सिंह पिछले 6 महीने में मेरी बेटी को करीब 7 बार बहला-फुसलाकर घर से भगा ले जा चुका है। वह उसे 7-8 दिन अपने पास रखता है, इसके बाद छोड़ देता है। बीते 4 मई को भी आरोपी मेरी बेटी को भगा ले गया था। जिसके बाद 5 मई को मेरे पति (50) ने थाने में शिकायत की थी। लेकिन पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया।7 मई को मेरे पति का शव घर में फंदे से लटका मिला। अवनीश सिंह राजपूत और उसके साथियों आशीष और बबलू ने ही मेरे पति की हत्या करके शव को फंदे से लटका दिया था।
आरोपियों से हमें जान का खतरा बोली माँ
महिला ने आरोप लगाते हुए कहा- अवनीश सिंह राजपूत, आशीष और बबलू से मुझे और मेरे परिवार को जान का खतरा है। मेरी प्रशासन से अपील है कि मेरे पति के हत्यारों को कड़ी से कड़ी सजा देते हुए मुझे और मेरे परिवार को सुरक्षा दी जाए।
बेटी बोली- मां झूठ बोलती हैं
थाना प्रभारी प्रवीण यादव ने बताया- महिला की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर रविवार को नाबालिग को बरामद कर लिया गया है। उसे वन स्टॉप सेंटर में रखवाया गया है। अब नाबालिग का मेडिकल कराया जाएगा। नाबालिग ने अफेयर के आरोपों से इनकार किया है। इसलिए फिलहाल अपहरण का केस दर्ज किया गया है। मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर धाराएं बढ़ाई जाएंगी।महिला के पति पेशे से कारपेंटर थे। वह लखनऊ में फर्नीचर बनाने का काम करते थे। नाबालिग अपने 5 भाई बहनों में सबसे बड़ी है। वह 5वीं कक्षा तक ही पढ़ी है।














