उमाकांत त्रिपाठी।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डीप-टेक क्षेत्र से जुड़े प्रमुख स्टार्टअप्स के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (CEOs) से मुलाकात की। यह बातचीत ऐसे समय में हुई है जब भारत AI आधारित टेक्नोलॉजी में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है और वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज करा रहा है।
स्टार्टअप्स की भूमिका पर दिया जोर
बैठक में इस बात पर विशेष चर्चा हुई कि किस तरह भारतीय स्टार्टअप्स AI, मशीन लर्निंग और उभरती डीप-टेक तकनीकों के जरिए देश की डिजिटल अर्थव्यवस्था को नई दिशा दे सकते हैं। प्रधानमंत्री ने इनोवेशन, रिसर्च और लोकल सॉल्यूशंस को बढ़ावा देने पर बल दिया। साथ ही, उन्होंने कहा कि- भारत के युवाओं और उद्यमियों में वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने की क्षमता है.
भारत को AI हब बनाने की दिशा में कदम
इस संवाद को भारत को वैश्विक AI हब बनाने की रणनीति का अहम हिस्सा माना जा रहा है। सरकार का फोकस टेक्नोलॉजी को आम लोगों तक पहुंचाने, डिजिटल सॉल्यूशंस विकसित करने और स्टार्टअप इकोसिस्टम को सशक्त बनाने पर है।
एआई इम्पैक्ट समिट का आज आखिरी दिन
नई दिल्ली में चल रहे पांच दिवसीय एआई इम्पैक्ट समिट (2026) का आज आखिरी दिन है। इस ग्लोबल इवेंट का आयोजन 16 से 20 फरवरी के बीच किया जा रहा है। समिट में गुरुवार को दिग्गज टेक्नोलॉजी और एआई कंपनियों के लीडर्स ने एआई के भविष्य, मानवता के लिए उपयोग और चिंताओं के बारे में चर्चा की। इस दौरान गूगल के सुंदर पिचाई, ओपनएआई के सैम ऑल्टमैन, एंथ्रोपिक के डारियो अमोदेई समेत कई लीडर्स पीएम मोदी के एक साथ मंच पर आए।













