PM Modi Maharashtra Farmers Relief: उमाकांत त्रिपाठी।महाराष्ट्र में मौसम की मार झेल रहे किसानों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बड़ी राहत का भरोसा दिया है। PM Modi Maharashtra Farmers Relief को लेकर पीएम मोदी ने कहा कि राज्य के किसान परिवारों को चिंता करने की जरूरत नहीं है, केंद्र और राज्य की एनडीए सरकार उनके साथ खड़ी है। उन्होंने मराठी भाषा में किसानों से संवाद करते हुए कहा, ‘अजिबात काळजी करू नका’, यानी बिल्कुल भी चिंता मत कीजिए। हम सभी किसान भाइयों और बहनों के साथ हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार, 3 नवंबर 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पुणे मेट्रो की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं के उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने पुणे की बहुप्रतीक्षित मान-हिंजवड़ी से शिवाजीनगर मेट्रो परियोजना का उद्घाटन किया। कार्यक्रम में उन्होंने महाराष्ट्र के किसानों की समस्याओं, मौसम की मार और जल संरक्षण के प्रयासों का भी जिक्र किया।
पीएम मोदी ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में महाराष्ट्र में जल संरक्षण के क्षेत्र में काफी काम हुआ है। देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में राज्य सरकार ने पानी बचाने और किसानों को राहत पहुंचाने के लिए कई प्रयास किए हैं, लेकिन प्राकृतिक परिस्थितियों के कारण किसानों को अभी भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
महाराष्ट्र के किसानों से बोले पीएम मोदी- बिल्कुल चिंता न करें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में महाराष्ट्र के किसानों की स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि मौसम की बेरुखी के कारण राज्य के कई किसान परिवार इस समय परेशानियों से गुजर रहे हैं। प्राकृतिक आपदाओं का सीधा असर खेती और किसानों की आर्थिक स्थिति पर पड़ता है।
पीएम मोदी ने कहा कि महाराष्ट्र में पिछले कुछ सालों के दौरान जल संरक्षण के लिए काफी काम किया गया है। इसके बावजूद मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों ने किसानों के सामने नई चुनौतियां खड़ी कर दी हैं।
उन्होंने किसानों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि संकट की इस घड़ी में एनडीए सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ उनके साथ खड़ी है। सरकार किसानों की परेशानियों को समझती है और उन्हें राहत देने के लिए प्रतिबद्ध है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि किसान देश की अर्थव्यवस्था और खाद्य सुरक्षा की मजबूत नींव हैं। ऐसे में किसानों के सामने आने वाली समस्याओं को गंभीरता से लेना जरूरी है।
मराठी में पीएम मोदी का संदेश- अजिबात काळजी करू नका
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मराठी भाषा में भी किसानों से संवाद किया। उनका यह अंदाज लोगों के बीच चर्चा का विषय बना। उन्होंने महाराष्ट्र के किसानों को भरोसा दिलाया कि सरकार उनकी परेशानियों से पूरी तरह अवगत है।
पीएम मोदी ने कहा, ‘महाराष्ट्रातील दुष्काळाची मला माहिती आहे। राज्य सरकार ने मदद सुद्धा दिली आहे। मी पीएम किसान सम्मान निधी जमा केली। अजिबात काळजी करू नका आम्ही सगळे शेतकऱ्यांसोबत आहोत।’
इसका हिंदी अर्थ है कि प्रधानमंत्री महाराष्ट्र में सूखे की स्थिति से परिचित हैं। राज्य सरकार की ओर से भी किसानों को मदद दी गई है। पीएम किसान सम्मान निधि की राशि जारी की गई है। उन्होंने किसानों से कहा कि बिल्कुल चिंता न करें, हम सभी आपके साथ खड़े हैं।
प्रधानमंत्री का यह संदेश किसानों के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। खासतौर पर मराठी में संवाद करके उन्होंने महाराष्ट्र के लोगों तक अपनी बात सीधे पहुंचाने की कोशिश की।
पीएम किसान सम्मान निधि का भी किया जिक्र
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों से बातचीत के दौरान पीएम किसान सम्मान निधि योजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि किसानों को आर्थिक सहायता पहुंचाने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है।
पीएम किसान सम्मान निधि केंद्र सरकार की प्रमुख योजनाओं में शामिल है। इस योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि तीन बराबर किस्तों में सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है।
खेती में बीज, खाद, कीटनाशक और अन्य जरूरी सामान खरीदने के लिए किसानों को आर्थिक मदद मिलती है। हालांकि, सूखा या अन्य प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए राज्य और केंद्र सरकार की दूसरी राहत योजनाएं भी महत्वपूर्ण होती हैं।
महाराष्ट्र में मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों से प्रभावित किसानों के लिए प्रधानमंत्री का भरोसा ऐसे समय में आया है, जब खेती से जुड़े परिवार राहत की उम्मीद कर रहे हैं।
पुणे मेट्रो का पीएम मोदी ने किया उद्घाटन
किसानों को भरोसा देने के साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पुणे के विकास से जुड़ी एक महत्वपूर्ण मेट्रो परियोजना का भी उद्घाटन किया। मान-हिंजवड़ी से शिवाजीनगर तक प्रस्तावित मेट्रो रूट पुणे के शहरी परिवहन नेटवर्क के लिए अहम माना जा रहा है।
इस परियोजना में कुल 17 स्टेशन शामिल हैं। इसका सबसे ज्यादा फायदा हिंजवड़ी आईटी पार्क में काम करने वाले कर्मचारियों और रोजाना पुणे के अलग-अलग इलाकों से आने-जाने वाले यात्रियों को मिलने की उम्मीद है।
पुणे में तेजी से बढ़ती आबादी और वाहनों की संख्या के कारण ट्रैफिक जाम की समस्या लगातार गंभीर होती गई है। खासकर हिंजवड़ी आईटी पार्क के आसपास सुबह और शाम के समय भारी यातायात रहता है।
नई मेट्रो सेवा शुरू होने से यात्रियों को सड़क यातायात के विकल्प के रूप में तेज और सुविधाजनक सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध होगा। इससे निजी वाहनों पर निर्भरता कम करने में भी मदद मिल सकती है।
17 स्टेशनों से मिलेगी मेट्रो सेवा, आईटी कर्मचारियों को फायदा
मान-हिंजवड़ी से शिवाजीनगर मेट्रो रूट को पुणे के महत्वपूर्ण परिवहन कॉरिडोर में गिना जा रहा है। इस रूट के शुरू होने से आईटी सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारियों को विशेष फायदा मिलने की उम्मीद है।
हिंजवड़ी पुणे का प्रमुख आईटी हब है। यहां देश-विदेश की कई कंपनियों के कार्यालय मौजूद हैं। रोजाना बड़ी संख्या में कर्मचारी यहां पहुंचते हैं। सड़क मार्ग पर ट्रैफिक के कारण उन्हें सफर में काफी समय खर्च करना पड़ता है।
मेट्रो सेवा शुरू होने से यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में आसानी होगी। इसके अलावा शिवाजीनगर जैसे प्रमुख इलाके से कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है।
इस परियोजना से पुणे के सार्वजनिक परिवहन को मजबूती मिलने के साथ शहर के आर्थिक और औद्योगिक विकास को भी गति मिल सकती है।
किसानों और शहरों के विकास पर पीएम मोदी का जोर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस संबोधन में दो महत्वपूर्ण मुद्दे सामने आए। पहला, महाराष्ट्र के किसानों को प्राकृतिक आपदा के बीच राहत और सहयोग का भरोसा देना और दूसरा, पुणे जैसे तेजी से विकसित हो रहे शहरों में आधुनिक परिवहन सुविधाओं का विस्तार करना।
एक तरफ किसान मौसम की मार से परेशान हैं, वहीं दूसरी तरफ शहरों में बढ़ती आबादी और ट्रैफिक की समस्या विकास के सामने चुनौती बनी हुई है।
पीएम मोदी ने अपने संबोधन में दोनों विषयों को महत्व देते हुए सरकार की प्राथमिकताओं को सामने रखा। किसानों को मराठी में भरोसा देना और पुणे मेट्रो परियोजना का उद्घाटन करना इस कार्यक्रम के प्रमुख पहलू रहे।
अब महाराष्ट्र के किसानों की नजर सरकार की ओर से मिलने वाली राहत और सहायता पर रहेगी। वहीं पुणे के नागरिकों को नई मेट्रो सेवा से यातायात की समस्या कम होने की उम्मीद है।














