खबर इंडिया की।देशभर में Gold Silver Price एक बार फिर चर्चा का विषय बना हुआ है। इस सप्ताह सोने और चांदी की कीमतों में जबरदस्त तेजी दर्ज की गई है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, केवल पांच कारोबारी दिनों में 24 कैरेट सोने की कीमत 10 ग्राम पर ₹7,064 बढ़कर करीब ₹1.49 लाख तक पहुंच गई। वहीं एक किलो चांदी की कीमत ₹14,094 की उछाल के साथ ₹2.31 लाख के स्तर पर पहुंच गई।
यह तेजी निवेशकों के लिए अच्छी खबर मानी जा रही है, लेकिन आम खरीदारों के लिए चिंता का विषय भी बन गई है। खासकर त्योहारी और शादी के सीजन से पहले सोने-चांदी के बढ़ते दाम लोगों के बजट को प्रभावित कर सकते हैं।
Gold Silver Price में इस हफ्ते कितना उछाल आया?
इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार सोमवार की तुलना में शुक्रवार तक सोने और चांदी दोनों की कीमतों में बड़ी बढ़ोतरी दर्ज हुई।
- 24 कैरेट सोना (10 ग्राम): ₹1.42 लाख से बढ़कर ₹1.49 लाख
- कुल साप्ताहिक बढ़त: ₹7,064
- शुक्रवार को एक दिन में बढ़त: ₹1,181
वहीं चांदी की कीमतों में भी बड़ी छलांग देखने को मिली।
- चांदी (1 किलो): ₹2.17 लाख से बढ़कर ₹2.31 लाख
- कुल साप्ताहिक बढ़त: ₹14,094
- शुक्रवार को एक दिन में बढ़त: ₹5,707
गुरुवार को सोना लगभग ₹1.48 लाख और चांदी ₹2.25 लाख प्रति किलो के स्तर पर कारोबार कर रही थी। शुक्रवार को दोनों धातुओं में फिर मजबूत तेजी देखने को मिली।
Gold Silver Price बढ़ने के 5 बड़े कारण
1. ग्लोबल जियोपॉलिटिकल तनाव
दुनिया के कई हिस्सों में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और युद्ध जैसे हालात के कारण निवेशक सुरक्षित निवेश की ओर बढ़ रहे हैं। ऐसे समय में सोना और चांदी सबसे भरोसेमंद विकल्प माने जाते हैं। इसी वजह से अंतरराष्ट्रीय बाजार में इनकी मांग लगातार बढ़ रही है।
2. अमेरिकी फेडरल रिजर्व का नरम रुख
अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा भविष्य में ब्याज दरों में कटौती के संकेत मिलने से निवेशकों का रुझान कीमती धातुओं की ओर बढ़ा है। ब्याज दरें कम होने की संभावना सोने और चांदी की कीमतों को मजबूती देती है।
3. डॉलर इंडेक्स में कमजोरी
अंतरराष्ट्रीय बाजार में अमेरिकी डॉलर कमजोर होने से अन्य देशों के निवेशकों के लिए सोना और चांदी खरीदना अपेक्षाकृत सस्ता हो जाता है। इससे वैश्विक मांग बढ़ती है और कीमतों में तेजी आती है।
4. सेंट्रल बैंकों की रिकॉर्ड खरीदारी
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) सहित कई देशों के केंद्रीय बैंक लगातार अपने गोल्ड रिजर्व में बढ़ोतरी कर रहे हैं। केंद्रीय बैंकों की बड़ी खरीदारी बाजार में सप्लाई पर दबाव बनाती है, जिससे कीमतों को सपोर्ट मिलता है।
5. चांदी की इंडस्ट्रियल डिमांड
सोलर पैनल, इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल और अन्य आधुनिक उद्योगों में चांदी की मांग तेजी से बढ़ रही है। यही कारण है कि इस बार चांदी में भी सोने के साथ तेज उछाल देखने को मिल रहा है।
इस साल Gold Silver Price का प्रदर्शन कैसा रहा?
साल 2026 में सोने की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिला, लेकिन कुल मिलाकर इसमें अच्छी बढ़त दर्ज हुई है।
31 दिसंबर 2025 को 24 कैरेट सोने की कीमत लगभग ₹1.33 लाख प्रति 10 ग्राम थी, जो अब बढ़कर ₹1.49 लाख के स्तर पर पहुंच गई है। यानी इस साल अब तक सोना करीब ₹16,000 महंगा हो चुका है।
वहीं चांदी की कीमत 31 दिसंबर 2025 को करीब ₹2.30 लाख प्रति किलो थी, जो अब ₹2.31 लाख तक पहुंच गई है। हालांकि साल के दौरान इसमें कई बार तेज उतार-चढ़ाव भी देखने को मिला।
इस साल ऑल टाइम हाई भी बना चुके हैं सोना-चांदी
कीमती धातुओं ने इस वर्ष रिकॉर्ड स्तर भी छुए हैं। 29 जनवरी 2026 को सोने ने लगभग ₹1.76 लाख प्रति 10 ग्राम और चांदी ने करीब ₹3.86 लाख प्रति किलो का ऑल टाइम हाई बनाया था। इसके बाद कीमतों में गिरावट आई, लेकिन अब एक बार फिर बाजार में मजबूती लौटती दिखाई दे रही है।
निवेशकों और खरीदारों के लिए क्या संकेत?
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक तनाव, डॉलर की कमजोरी और केंद्रीय बैंकों की खरीदारी जारी रहती है तो Gold Silver Price में निकट भविष्य में मजबूती बनी रह सकती है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय आर्थिक आंकड़े, अमेरिकी फेड की अगली बैठक और वैश्विक बाजार की चाल आगे की दिशा तय करेंगे।
यदि आप निवेश के उद्देश्य से सोना या चांदी खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो बाजार की चाल और आधिकारिक कीमतों पर नजर रखना जरूरी है। वहीं शादी या त्योहार के लिए खरीदारी करने वाले उपभोक्ताओं को भी दामों में उतार-चढ़ाव को ध्यान में रखते हुए फैसला लेना चाहिए।













