उमाकांत त्रिपाठी। पश्चिम बंगाल में पहले चरण के मतदान के बाद सियासी हलचल के बीच एक अलग ही तस्वीर सामने आई, जब Narendra Modi हुगली नदी के किनारे पहुंचे। इस दौरान पीएम मोदी ने न सिर्फ नाव की सवारी की, बल्कि खुद कैमरा उठाकर फोटोग्राफी करते भी नजर आए। इस खास पल ने राजनीतिक माहौल के बीच एक अलग संदेश देने की कोशिश की।
पीएम मोदी के इस दौरे में जिन नावों का इस्तेमाल हुआ, उनके मालिक मोहम्मद इफ्तिखार अहमद का बयान अब चर्चा में है। इफ्तिखार अहमद ने बताया कि उन्हें शुरुआत में अंदाजा भी नहीं था कि उनकी नावें प्रधानमंत्री के लिए ली जा रही हैं। उन्होंने कहा कि सुबह एक व्यक्ति ने उनसे 7 नावें मांगी थीं और जब उन्होंने पूछा कि क्या यह किसी वीआईपी के लिए है, तो उन्हें कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिला।
इफ्तिखार ने बताया कि उन्होंने अपनी नावें घाट पर खड़ी कर दी थीं। प्रधानमंत्री के पहुंचने से करीब 5 मिनट पहले उन्हें बताया गया कि ये नावें पीएम मोदी के लिए हैं। इसके बाद पीएम मोदी घाट पर पहुंचे और उनकी नाव में सवार हुए। यह पल उनके लिए बेहद खास और यादगार बन गया।
नाविक के अनुसार, पीएम मोदी ने उनसे बातचीत के दौरान एक अहम संदेश भी दिया। उन्होंने कहा कि सभी लोगों को मिल-जुलकर और सौहार्दपूर्ण तरीके से रहना चाहिए। यह बयान ऐसे समय में आया है, जब राज्य में चुनावी माहौल काफी गरम है और राजनीतिक बयानबाजी अपने चरम पर है।
नाव की सवारी के दौरान पीएम मोदी ने हुगली नदी के खूबसूरत नजारों का आनंद लिया। इस दौरान उन्होंने प्रसिद्ध Howrah Bridge और Vidyasagar Setu को भी निहारा। उन्होंने इन पलों को अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा किया।
पीएम मोदी ने अपने पोस्ट में लिखा कि एक दिन पहले उन्होंने हावड़ा से कोलकाता तक रोड शो के दौरान हावड़ा ब्रिज को ऊपर से देखा था और अब उसी पुल को हुगली नदी से देखने का अनुभव बेहद खास रहा। उन्होंने मां गंगा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि गंगा सिर्फ एक नदी नहीं, बल्कि बंगाल की आत्मा में बहती है।
इस दौरान पीएम मोदी ने फोटोग्राफी करने की भी कोशिश की और कई तस्वीरें शेयर कीं, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। इन तस्वीरों में हुगली नदी, पुल और आसपास का खूबसूरत दृश्य साफ नजर आता है।
चुनावी माहौल के बीच पीएम मोदी का यह दौरा सिर्फ एक विजिट नहीं, बल्कि एक संदेश भी माना जा रहा है—जहां एक तरफ विकास और सांस्कृतिक जुड़ाव की बात की गई, वहीं दूसरी तरफ सामाजिक सौहार्द का भी संदेश दिया गया।














