खबर इंडिया की।Gold Silver Price Today: के तहत सर्राफा बाजार से बड़ी खबर सामने आई है। 13 जुलाई को सोने और चांदी दोनों की कीमतों में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 1,079 रुपए सस्ता होकर 1.42 लाख रुपए पर पहुंच गया है। वहीं एक किलो चांदी के दाम में 3,155 रुपए की कमी आई है और इसकी कीमत घटकर 2.17 लाख रुपए प्रति किलो रह गई है।
पिछले एक महीने के दौरान सोने और चांदी की कीमतों में लगातार नरमी देखने को मिली है। ऐसे में निवेशकों और आभूषण खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए यह राहत की खबर मानी जा रही है।
पिछले एक महीने में कितना सस्ता हुआ सोना और चांदी?
IBJA के आंकड़ों के मुताबिक, बीते एक महीने में सोना करीब 5,000 रुपए प्रति 10 ग्राम तक सस्ता हो चुका है। वहीं चांदी की कीमत में लगभग 25,000 रुपए प्रति किलो की गिरावट दर्ज की गई है.
14 जून को 24 कैरेट सोने की कीमत लगभग 1.48 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम थी, जबकि चांदी 2.43 लाख रुपए प्रति किलो के स्तर पर कारोबार कर रही थी। मौजूदा गिरावट के बाद दोनों की कीमतें काफी नीचे आ चुकी हैं।इस गिरावट का सीधा फायदा उन ग्राहकों को मिलेगा जो शादी, त्योहार या निवेश के उद्देश्य से सोना-चांदी खरीदने की तैयारी कर रहे हैं।
ऑल टाइम हाई से कितनी सस्ती हुई चांदी और सोना?
साल 2026 की शुरुआत में सोने और चांदी ने रिकॉर्ड स्तर छू लिया था। 31 दिसंबर 2025 को 24 कैरेट सोने की कीमत लगभग 1.33 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम थी। इसके बाद तेजी जारी रही और 29 जनवरी 2026 को यह बढ़कर 1.76 लाख रुपए के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई।अब मौजूदा कीमतों की तुलना करें तो सोना अपने उच्चतम स्तर से करीब 34 हजार रुपए प्रति 10 ग्राम तक सस्ता हो चुका है।
इसी तरह चांदी ने भी रिकॉर्ड बनाया था। 31 दिसंबर 2025 को इसकी कीमत 2.30 लाख रुपए प्रति किलो थी, जो 29 जनवरी 2026 को बढ़कर 3.86 लाख रुपए प्रति किलो पहुंच गई थी। इसके बाद लगातार गिरावट देखने को मिली और अब चांदी अपने ऑल टाइम हाई से करीब 1.69 लाख रुपए प्रति किलो तक सस्ती हो चुकी है।
सोने-चांदी की कीमतों में गिरावट क्यों आई?
विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कई ऐसे कारण हैं जिनकी वजह से सोने और चांदी की कीमतों पर दबाव बना है।
1. अमेरिकी डॉलर की मजबूती
फेडरल रिजर्व की ओर से मिले संकेतों के बाद अमेरिकी डॉलर इंडेक्स मजबूत हुआ है। आमतौर पर जब डॉलर मजबूत होता है, तब वैश्विक बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में कमजोरी देखने को मिलती है। यही असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा है।
2. रिकॉर्ड तेजी के बाद मुनाफावसूली
पिछले कुछ महीनों में सोने और चांदी ने रिकॉर्ड ऊंचाई हासिल की थी। इस तेजी के बाद बड़े निवेशकों और ट्रेडर्स ने मुनाफावसूली शुरू कर दी, जिससे दोनों की कीमतों में गिरावट दर्ज हुई।
3. वैश्विक बाजार में उतार-चढ़ाव
अंतरराष्ट्रीय आर्थिक परिस्थितियां, ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता और निवेशकों की बदलती रणनीति भी कीमती धातुओं की कीमतों को प्रभावित कर रही है।
क्या अभी निवेश करना सही रहेगा?
कमोडिटी एक्सपर्ट अजय केडिया का मानना है कि मौजूदा समय में सोने और चांदी की कीमतें अपने उच्चतम स्तर से काफी नीचे आ चुकी हैं। ऐसे में लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह अवसर हो सकता है।
हालांकि- उन्होंने सलाह दी है कि निवेशक एकमुश्त निवेश करने से बचें। बेहतर होगा कि चरणबद्ध तरीके से निवेश करें ताकि बाजार में होने वाले उतार-चढ़ाव का जोखिम कम किया जा सके।
उनके अनुसार, यदि वैश्विक परिस्थितियां अनुकूल रहती हैं तो वर्ष के अंत तक सोना फिर से 1.60 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम और चांदी 2.80 लाख रुपए प्रति किलो तक पहुंच सकती है।
सोना खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान
यदि आप इस समय सोना खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना बेहद आवश्यक है।
BIS हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदें
हमेशा ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) से प्रमाणित हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदें। हॉलमार्क यह सुनिश्चित करता है कि सोना शुद्ध और प्रमाणित है। हॉलमार्क पर अंकित अल्फान्यूमेरिक कोड उसकी गुणवत्ता की पहचान होता है।
कीमत की पुष्टि जरूर करें
सोना खरीदने से पहले उस दिन का ताजा रेट IBJA और अन्य विश्वसनीय स्रोतों से जरूर जांच लें। 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने की कीमत अलग-अलग होती है, इसलिए खरीदारी से पहले वजन और शुद्धता की पूरी जानकारी लें।
निवेशकों और ग्राहकों के लिए क्या संकेत हैं?
Gold Silver Price Today में आई गिरावट उन लोगों के लिए अच्छी खबर है जो लंबे समय से सोना या चांदी खरीदने का इंतजार कर रहे थे। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि बाजार में आगे भी उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। इसलिए निवेश हमेशा सोच-समझकर और चरणबद्ध तरीके से करना चाहिए।















