वायरलदिल्लीदुनियान्यूज़भारतमध्य प्रदेशराजनीतिशहरहेडलाइंस

Amit Shah Bhopal: अमित शाह का ऐलान, बोले- सहकारिता में दूध बेचेंगे तो ₹35 की जगह ₹55 मिलने की शुरुआत होगी

उमाकांत त्रिपाठी। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शनिवार को भोपाल में आयोजित राज्य स्तरीय गोपालक सम्मेलन को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने सहकारिता, दूध उत्पादन, पशुपालन और White Revolution 2.0 को लेकर केंद्र और मध्य प्रदेश सरकार की योजनाओं की जानकारी दी। कार्यक्रम में 35 हजार से अधिक गोपालकों और डेयरी सहकारी समितियों से जुड़े लोगों के शामिल होने की जानकारी सामने आई है।

अमित शाह ने कहा कि आजादी के बाद से भारत सरकार में अलग सहकारिता मंत्रालय बनाने की मांग थी, लेकिन लंबे समय तक यह नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अलग सहकारिता मंत्रालय बनाया गया और इसका फायदा गोपालकों को मिलेगा।

शाह ने दावा किया कि अगर पशुपालक सहकारी व्यवस्था के जरिए दूध बेचते हैं तो उन्हें मौजूदा करीब ₹35 की जगह ₹55 तक मिलने की शुरुआत हो सकती है। यह शाह द्वारा सम्मेलन में किया गया दावा है।

शाह बोले- कांग्रेस विरोध करती है, मैं हिसाब देने आया हूं

अमित शाह ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस नेता उनकी सरकार का विरोध करते हैं और वह आज हिसाब देने आए हैं। उन्होंने दूध उत्पादन के आंकड़ों का जिक्र करते हुए कहा कि देश में दूध उत्पादन पहले करीब 14.07 करोड़ टन था, जिसे अब बढ़ाकर करीब 25 करोड़ टन तक पहुंचाया गया है।

उन्होंने प्रति व्यक्ति दूध उपलब्धता का भी जिक्र किया। शाह के मुताबिक, 2014-15 में प्रति व्यक्ति दूध उपलब्धता 307 ग्राम थी, जो अब बढ़कर 485 ग्राम हो गई है।

उन्होंने कहा कि भारत दुनिया में सबसे ज्यादा दूध उत्पादन करने वाला देश बन चुका है। शाह ने दूध उत्पादन में उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, गुजरात और महाराष्ट्र का भी उल्लेख किया।

35 हजार से ज्यादा गोपालक सम्मेलन में पहुंचे

भोपाल के भेल दशहरा मैदान में हुए सम्मेलन में बड़ी संख्या में गोपालक और डेयरी सहकारी समितियों से जुड़े लोग पहुंचे। आधिकारिक कार्यक्रम के मुताबिक, सम्मेलन में गोपालक दीदियों को सम्मानित किया गया और डेयरी सहकारी समितियों के सदस्यों को लाभ भी वितरित किए गए।

कार्यक्रम के दौरान गौशालाओं के लिए ₹101 करोड़ से अधिक की वित्तीय सहायता दी गई। इसके अलावा डेयरी सहकारी समितियों के सदस्यों को ₹15.10 करोड़ का डिविडेंड वितरित किए जाने की जानकारी भी सरकारी रिलीज में दी गई है।

भोपाल की लखपति गोपालक दीदी शशिबाई समेत पांच महिलाओं को सम्मानित किया गया। डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना के लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र भी दिए गए।

उज्जैन में ₹255 करोड़ का डेयरी प्लांट

अमित शाह ने उज्जैन में बनने वाले ₹255 करोड़ के दूध प्रसंस्करण संयंत्र का डिजिटल भूमिपूजन किया। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक इस प्लांट की क्षमता प्रतिदिन 3 लाख लीटर दूध प्रोसेस करने की होगी।

इसके अलावा भोपाल में ₹16.5 करोड़ की लागत से तैयार 40 हजार लीटर प्रतिदिन क्षमता वाले प्रोडक्ट डेयरी प्लांट का उद्घाटन किया गया। भोपाल में ₹12.42 करोड़ की लागत से राज्य स्तरीय केंद्रीय डेयरी प्रयोगशाला भी तैयार की गई है। शिवपुरी के मिनी डेयरी प्लांट के सुदृढ़ीकरण का काम भी कार्यक्रम से जोड़ा गया है।

देशभर में 75 हजार नई डेयरियां बनाने की बात

शाह ने White Revolution 2.0 का जिक्र करते हुए कहा कि इसके तहत ग्रामीण क्षेत्रों में देशभर में 75 हजार नई डेयरियां स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही पहले से मौजूद 46 हजार डेयरियों को मजबूत करने की बात कही गई।

उन्होंने दूध और डेयरी उत्पादों के निर्यात का भी जिक्र किया। शाह ने कहा कि भारत के डेयरी क्षेत्र का निर्यात कई देशों तक पहुंच रहा है।

नस्ल सुधार और सेक्स-सॉर्टेड सीमन का भी जिक्र

अमित शाह ने पशुओं की नस्ल सुधार योजना और कृत्रिम गर्भाधान का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बेहतर नस्ल, पशु आहार और चारा प्रबंधन के जरिए दूध उत्पादन बढ़ाने पर काम किया जा रहा है।

उन्होंने sex-sorted semen तकनीक का जिक्र करते हुए कहा कि इससे बछियों के जन्म की संभावना बढ़ाई जा सकती है। इसका उद्देश्य भविष्य में अधिक दूध देने वाले पशुधन की संख्या बढ़ाना बताया गया।

एमपी को नशामुक्त करने की बात

अमित शाह ने अपने संबोधन में मध्य प्रदेश को नशामुक्त बनाने की बात भी कही। उन्होंने कहा कि सरकार इसके लिए विस्तृत योजना पर काम कर रही है और 31 दिसंबर 2029 के बाद प्रदेश में नशे के लिए जगह नहीं रहने का लक्ष्य रखा गया है।

यह बयान राज्य में नशे के खिलाफ सरकार की प्रस्तावित कार्रवाई और लक्ष्य के संदर्भ में दिया गया।

नए आपराधिक कानूनों पर बोले शाह

गोपालक सम्मेलन के साथ शाह ने भोपाल में नए आपराधिक कानूनों पर आयोजित राज्य स्तरीय प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया। प्रदर्शनी में अपराध की सूचना से लेकर जांच, साक्ष्य, अभियोजन और न्यायालय तक की प्रक्रिया को प्रदर्शित किया गया है। इसमें नए आपराधिक कानूनों के तहत समयबद्ध प्रावधानों और पुलिस, फॉरेंसिक, अभियोजन तथा जेल विभाग की भूमिका को भी दिखाया गया है।

शाह ने कहा कि नए कानूनों का मूल मंत्र न्याय है, दंड नहीं। उन्होंने कहा कि पुराने कानून अंग्रेजी शासन के समय बनाए गए थे, जबकि नए कानूनों का उद्देश्य नागरिकों के सम्मान, संपत्ति और शरीर की रक्षा करना है।

हर ब्लॉक में पशुपालकों की प्रतियोगिता का ऐलान

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सम्मेलन में कहा कि प्रदेश के सभी 313 ब्लॉकों में चयनित वृंदावन गांवों में उन्नत पशुपालकों की प्रतियोगिता कराई जाएगी।

उन्होंने बताया कि प्रत्येक ब्लॉक में प्रथम स्थान हासिल करने वाले पशुपालक को ₹1 लाख, दूसरे स्थान वाले को ₹50 हजार और तीसरे स्थान वाले को ₹25 हजार का पुरस्कार दिया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने पशुओं के इलाज के लिए चलित अस्पतालों और प्रदेश के सभी ब्लॉकों में वृंदावन गांव विकसित करने की योजना का भी उल्लेख किया।

इस कार्यक्रम में डेयरी और पशुपालन क्षेत्र से जुड़ी कई परियोजनाओं की शुरुआत के साथ गोपालकों और गौशालाओं के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की गई। केंद्र और राज्य सरकार ने इन पहलों को दूध उत्पादन, सहकारी व्यवस्था और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने से जोड़ा है।

Related Posts

1 of 924

Leave A Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *