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Dhanteras Gold Silver Buying Tips: धनतेरस पर खरीद रहे सोना? असली है या नकली, सिर्फ 2 मिनट में दुकान पर खड़े-खड़े जान जाएंगे, अपनाएं ये ट्रिक

Dhanteras Gold Silver Buying Tips: भारत में धनतेरस पर सोना और चांदी खरीदने की परंपरा सदियों पुरानी है। इस दिन लोग अपनी क्षमता के अनुसार सोने-चांदी के आभूषण, सिक्के और बर्तन खरीदकर घर लाते हैं। धार्मिक मान्यता है कि धनतेरस पर की गई खरीदारी से घर में सुख-समृद्धि आती है। हालांकि, त्योहार के दौरान बाजारों में खरीदारी बढ़ने के साथ नकली और मिलावटी सोने-चांदी की वस्तुओं से ठगी का खतरा भी रहता है।

ऐसे में Dhanteras Gold Silver Buying Tips जानना बेहद जरूरी है। कई बार ग्राहक महंगी कीमत चुकाकर सोना या चांदी खरीद लेते हैं, लेकिन उन्हें उसकी असली शुद्धता की जानकारी नहीं होती। दुकानदार के दावे पर भरोसा करके खरीदारी करना नुकसानदायक हो सकता है। अगर आप भी इस धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदने जा रहे हैं, तो कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखकर धोखाधड़ी से बच सकते हैं।

BIS Care App से ऐसे जांचें सोने की शुद्धता

सोने की शुद्धता जांचने का सबसे भरोसेमंद शुरुआती तरीका उसकी हॉलमार्किंग की जांच करना है। भारतीय मानक ब्यूरो यानी BIS की ओर से सोने के आभूषणों पर हॉलमार्क लगाया जाता है। इसमें मौजूद HUID नंबर के जरिए ग्राहक आभूषण की पहचान और उससे जुड़ी जानकारी जांच सकते हैं।

इसके लिए अपने मोबाइल फोन में BIS Care App डाउनलोड करें। ऐप खोलने के बाद Verify HUID विकल्प पर जाएं और सोने के आभूषण पर दर्ज 6 अंकों का HUID नंबर डालें। इसके बाद ऐप पर उस आभूषण की उपलब्ध हॉलमार्किंग संबंधी जानकारी दिखाई देगी।

खरीदारी करते समय इन बातों का ध्यान रखें:

  • सोने के आभूषण पर BIS हॉलमार्क जरूर देखें।
  • 6 अंकों का HUID नंबर जांचें।
  • BIS Care App पर HUID की जानकारी मिलाएं।
  • बिल में सोने का वजन, कैरेट, कीमत और मेकिंग चार्ज अलग-अलग दर्ज करवाएं।
  • बिना हॉलमार्क वाली ज्वेलरी खरीदने से बचें, जहां हॉलमार्किंग अनिवार्य है।

ध्यान रखें कि सिर्फ हॉलमार्क का निशान देखकर संतुष्ट न हों। HUID की जानकारी भी BIS Care App पर सत्यापित करें।

चुंबक से करें असली और नकली सोने की शुरुआती पहचान

सोने की पहचान करने के लिए चुंबक का इस्तेमाल भी किया जाता है। इसकी वजह यह है कि शुद्ध सोना चुंबक से आकर्षित नहीं होता। अगर सोने का आभूषण चुंबक के पास ले जाने पर उससे चिपकता है, तो उसमें लोहे या किसी अन्य चुंबकीय धातु की मिलावट होने की आशंका हो सकती है।

हालांकि, इस तरीके से सोने की शुद्धता की पक्की पुष्टि नहीं होती। कई नकली या मिलावटी धातुएं भी चुंबक से आकर्षित नहीं होती हैं। इसलिए केवल चुंबक टेस्ट के आधार पर सोने को असली या नकली नहीं मानना चाहिए।

बेहतर होगा कि खरीदारी के समय हॉलमार्क और HUID की जांच करें और जरूरत पड़ने पर अधिकृत जांच केंद्र से सोने की शुद्धता की पुष्टि कराएं।

विनेगर से सोने की पहचान करने का तरीका कितना सही?

सोने की पहचान के लिए घरेलू उपायों में विनेगर यानी सिरके का नाम भी लिया जाता है। इस तरीके में सोने के आभूषण पर सिरके की कुछ बूंदें डालकर उसके रंग में बदलाव देखने की बात कही जाती है।

मान्यता के अनुसार, अगर रंग बदलता है तो उसमें दूसरी धातु होने की आशंका हो सकती है। हालांकि, यह तरीका सोने की शुद्धता जांचने का प्रमाणित तरीका नहीं है।

इसके अलावा, आभूषण पर लगे दूसरे मेटल, कोटिंग या स्टोन पर सिरके का असर पड़ सकता है। इसलिए ज्वेलरी पर खुद से सिरका या अन्य केमिकल डालने से बचें। इससे आभूषण खराब भी हो सकता है।

सोने की सही शुद्धता जानने के लिए BIS हॉलमार्क और मान्यता प्राप्त जांच केंद्र की मदद लेना बेहतर है।

24, 22 और 18 कैरेट सोने में क्या अंतर होता है?

सोने की शुद्धता कैरेट के आधार पर मापी जाती है। आमतौर पर ज्वेलरी बनाने के लिए 22 और 18 कैरेट सोने का इस्तेमाल किया जाता है। वहीं, 24 कैरेट सोना अधिक शुद्ध होता है, लेकिन इसकी नरमी के कारण सामान्य आभूषण बनाने में इसका इस्तेमाल कम होता है।

सोने की शुद्धता का कैरेट के हिसाब से विवरण इस प्रकार है:

सोने की शुद्धता हॉलमार्क पर शुद्धता कोड
24 कैरेट 999
23 कैरेट 958
22 कैरेट 916
21 कैरेट 875
18 कैरेट 750

उदाहरण के लिए, 22 कैरेट सोने पर 916 लिखा होने का मतलब है कि उसमें 91.6 प्रतिशत शुद्ध सोना है। बाकी हिस्सा दूसरी धातुओं का होता है, जिनका इस्तेमाल आभूषण को मजबूती देने के लिए किया जाता है।

इसलिए सोना खरीदते समय सिर्फ कैरेट नहीं, बल्कि हॉलमार्क और HUID नंबर की भी जांच करें।

असली और नकली चांदी की पहचान कैसे करें?

धनतेरस पर सोने के साथ चांदी की भी खूब खरीदारी होती है। लोग चांदी के सिक्के, बर्तन, पायल और दूसरी ज्वेलरी खरीदते हैं। लेकिन चांदी खरीदते समय भी उसकी शुद्धता जांचना जरूरी है।

असली और नकली चांदी की पहचान के लिए इन तरीकों को अपनाया जा सकता है:

1. BIS हॉलमार्क और HUID नंबर देखें: चांदी के आभूषण या सिक्के पर उपलब्ध हॉलमार्क की जांच करें। जहां HUID लागू हो, वहां BIS Care App से उसकी जानकारी सत्यापित करें।

2. चुंबक से करें शुरुआती जांच: शुद्ध चांदी चुंबक से आकर्षित नहीं होती। अगर चांदी का सिक्का तेज चुंबक से चिपकता है, तो उसमें दूसरी चुंबकीय धातु होने की आशंका है। हालांकि, चुंबक से न चिपकना असली चांदी होने का प्रमाण नहीं है।

3. वजन और आकार मिलाएं: चांदी का घनत्व काफी अधिक होता है। सिक्के का वजन और माप उसके निर्माता या विक्रेता की बताई गई जानकारी से मिलाएं। वजन में अंतर होने पर सावधान रहें।

4. बर्फ से करें शुरुआती जांच: चांदी गर्मी की अच्छी सुचालक होती है। इसके संपर्क में रखी बर्फ सामान्य धातुओं की तुलना में तेजी से पिघल सकती है। हालांकि, यह केवल शुरुआती जांच है और इससे शुद्धता की पुष्टि नहीं होती।

5. XRF मशीन से जांच कराएं: चांदी की शुद्धता जानने के लिए XRF मशीन से टेस्ट कराना बेहतर विकल्प है। यह बिना नुकसान पहुंचाए धातु की संरचना और उसमें मौजूद चांदी की मात्रा का पता लगाने में मदद करती है।

सोना-चांदी खरीदते समय इन बातों का भी रखें ध्यान

त्योहारों के दौरान कई दुकानों पर आकर्षक ऑफर और छूट दी जाती है। ऐसे में जल्दबाजी में खरीदारी करने के बजाय कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए।

  • हमेशा भरोसेमंद और प्रतिष्ठित ज्वेलर से खरीदारी करें।
  • सोने और चांदी की शुद्धता का प्रमाण जरूर देखें।
  • बिल के बिना कोई भी महंगी ज्वेलरी न खरीदें।
  • बिल में वजन, कैरेट, शुद्धता, मेकिंग चार्ज और GST की जानकारी देखें।
  • सोने के सिक्के खरीदते समय उनकी पैकिंग और प्रमाणपत्र की जांच करें।
  • बहुत कम कीमत पर सोना या चांदी बेचने के दावे से सावधान रहें।
  • जरूरत पड़ने पर अधिकृत केंद्र से धातु की शुद्धता की जांच कराएं।

सोने-चांदी की खरीदारी में धोखाधड़ी हो तो कहां करें शिकायत?

अगर आपको लगता है कि दुकानदार ने नकली या तय शुद्धता से कम गुणवत्ता वाला सोना-चांदी बेचा है, तो आप भारतीय मानक ब्यूरो यानी BIS में शिकायत कर सकते हैं।

इसके लिए BIS Care App का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके अलावा BIS की आधिकारिक वेबसाइट www.bis.gov.in पर जाकर शिकायत दर्ज कराने का विकल्प भी उपलब्ध है।

शिकायत करते समय खरीदारी का बिल, आभूषण की तस्वीर, HUID नंबर और दुकानदार से जुड़ी जानकारी अपने पास रखें। इससे शिकायत की जांच में मदद मिल सकती है।

धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदना शुभ माना जाता है, लेकिन त्योहार की खुशी में अपनी मेहनत की कमाई जोखिम में न डालें। खरीदारी से पहले हॉलमार्क, HUID और बिल की जांच जरूर करें। याद रखें, चुंबक या सिरके जैसे घरेलू उपाय असली सोने-चांदी की पक्की पहचान नहीं करते। शुद्धता की पुष्टि के लिए BIS की जानकारी और प्रमाणित जांच को ही प्राथमिकता दें।

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