उमकांत त्रिपाठी। नागपुर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के मुख्यालय में विजयादशमी के मौके पर आज शस्त्र पूजन किया गया। इस दौरान RSS चीफ मोहन भागवत ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कई मुद्दों पर बात की। भागवत ने मणिपुर हिंसा, लोकसभा चुनाव, अयोध्या में राम मंदिर के उद्घाटन जैसे कई मुद्दों पर स्पष्ट बयान दिया। RSS चीफ ने दावा किया कि मणिपुर में हिंसा करवाई गई है। उन्होंने कहा- मणिपुर में मैतेई और कुकी समुदाय सालों से एक साथ रहते हैं। इनके बीच सांप्रदायिक आग कैसे लगी? क्या हिंसा करने वाले लोगों में सीमा पार के कट्टरपंथी भी थे?
कुछ लोग नहीं चाहते देश में शांति हो
इस दौरान भागवत ने कहा की- कुछ लोग नहीं चाहते कि भारत में शांति हो। समाज में कलह फैलाने की कोशिश हो रही है। कट्टरता से उन्माद फैलता है। इसी की वजह से दुनिया में युद्ध हो रहे हैं। मणिपुर में अशांति और अस्थिरता से विदेशी सत्ताओं को फायदा हो सकता। सामाजिक अराजकता पर भागवत ने कहा- समाज विरोधी कुछ लोग खुद को सांस्कृतिक मार्क्सवादी या वोक कहते हैं, लेकिन उन्होंने मार्क्स को 1920 दशक से भुला रखा है। वे दुनिया की सभी शुभ चीजों, संस्कृति का विरोध करते हैं। वे लोग अराजकता का प्रचार-प्रसार करते हैं।
राम मंदिर पर क्या बोले मोहन भागवत
अपने भाषण में भागवत ने कहा कि- अयोध्या में भगवान राम 22 जनवरी 2024 को मंदिर में प्रवेश करने वाले हैं। गर्भगृह में रामलला का अभिषेक किया जाएगा। उद्घाटन के दिन वहां हर किसी का पहुंच पाना संभव नहीं हो पाएगा। इसलिए जो जहां है, वे वहीं के राम मंदिर में कार्यक्रम का आयोजन करे। यह हर दिल में मन के राम को जगाएगा और मन के अयोध्या को सजाएगा। समाज में स्नेह, जिम्मेदारी और सद्भावना का माहौल बनाएगा।














