उत्तर प्रदेशअपराधन्यूज़भारतहेडलाइंस

आशिक संग भागी 5 बच्चों की मां, पति बोला- लौट आओ वरना जहर खा लूंगा’… तो बोली- खा लो, फिर ये हुआ

खबर इंडिया की।उत्तर प्रदेश के भदोही जिले से सामने आया Bhadohi Suicide Case बेहद दुखद और झकझोर देने वाला है। सुरियावां थाना क्षेत्र के कसौड़ा गांव में एक 45 वर्षीय व्यक्ति ने कथित तौर पर पत्नी के घर छोड़कर चले जाने के बाद जहरीला पदार्थ पी लिया। गंभीर हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान लल्लू गौतम के रूप में हुई है। वह मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करता था और उसके पांच बच्चे हैं।

परिजनों के मुताबिक, लल्लू की पत्नी करीब दो महीने पहले घर छोड़कर चली गई थी। बताया जा रहा है कि वह गांव के ही बिपिन राव नामक व्यक्ति के साथ गई थी। पत्नी के जाने के बाद लल्लू लगातार उसे घर वापस आने के लिए मनाने की कोशिश कर रहा था। परिवार का कहना है कि उसने इस संबंध में मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई थी।

इस Bhadohi Suicide Case ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि पारिवारिक विवाद और भावनात्मक तनाव किस तरह गंभीर स्थिति पैदा कर सकते हैं। ऐसे मामलों में परिवार और समाज की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है।

दो महीने पहले घर छोड़कर चली गई थी पत्नी

कसौड़ा गांव निवासी लल्लू गौतम करीब 20 साल से शादीशुदा था। उसकी पत्नी सोनी से उसके तीन बेटियां और दो बेटे हैं। बच्चों की उम्र लगभग 7 से 16 वर्ष के बीच बताई गई है। परिवार में लल्लू के बुजुर्ग माता-पिता और उसका छोटा भाई भी रहते हैं।

बताया गया है कि करीब दो महीने पहले सोनी अचानक घर छोड़कर चली गई। परिजनों के अनुसार, वह बिपिन राव नाम के व्यक्ति के साथ चली गई थी। पत्नी के इस तरह चले जाने के बाद लल्लू मानसिक रूप से काफी परेशान रहने लगा था।

परिवार के अनुसार, लल्लू अपने बच्चों की वजह से भी पत्नी को वापस घर लाने की कोशिश करता रहा। वह फोन पर उससे बातचीत करता था और कई बार घर लौटने की अपील कर चुका था। परिवार की ओर से यह भी बताया गया कि उसने पत्नी को वापस बुलाने के लिए सरकारी जनसुनवाई व्यवस्था में शिकायत की थी।

फोन पर हुई बातचीत के बाद बिगड़ी स्थिति

मृतक के बच्चों ने घटना से जुड़ी जो जानकारी बताई, उसके मुताबिक लल्लू लगातार पत्नी से फोन पर बात कर रहा था। उसने पत्नी से पहले भी घर वापस लौटने के लिए कहा था। सोमवार को भी उसके लौटने की बात कही गई थी, लेकिन वह वापस नहीं आई।

इसके बाद बुधवार को लल्लू ने दोबारा पत्नी से फोन पर संपर्क किया। बच्चों के मुताबिक, बातचीत के दौरान उसने कथित तौर पर कहा कि अगर वह घर वापस नहीं आई तो वह जहर खा लेगा। परिवार का दावा है कि इसके जवाब में उसे कथित तौर पर बेहद कठोर प्रतिक्रिया मिली।

इसके बाद लल्लू ने शराब में जहरीला पदार्थ मिलाकर पी लिया। घटना के समय उसके बच्चे भी वहां मौजूद बताए जा रहे हैं। जहर पीने के बाद उसकी तबीयत तेजी से बिगड़ने लगी।

यह Bhadohi Suicide Case परिवार के लिए किसी बड़े सदमे से कम नहीं है। खास तौर पर उन पांच बच्चों के लिए, जिन्होंने एक साथ अपने पिता को खो दिया।

गंभीर हालत में अस्पताल ले गए परिजन

लल्लू की हालत बिगड़ने के बाद परिजनों ने तत्काल एंबुलेंस की मदद से उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) सुरियावां पहुंचाया। डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार किया और इसके बाद उसे जिला अस्पताल भदोही रेफर कर दिया गया।

परिजन उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसका इलाज शुरू किया। हालांकि, उसकी हालत लगातार गंभीर बनी रही। दोपहर करीब 1 बजे इलाज के दौरान लल्लू की मौत हो गई।

मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पांचों बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल बताया जा रहा है। पिता की मौत के बाद बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया है। परिवार के बुजुर्ग सदस्यों के सामने अब बच्चों की देखभाल और उनके भविष्य की बड़ी जिम्मेदारी भी आ गई है।

पुलिस ने शुरू की मामले की जांच

घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने मामले को संज्ञान में लिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस इस पूरे घटनाक्रम से जुड़े तथ्यों को जुटा रही है। पत्नी के घर से जाने, उसके बाद पति द्वारा की गई शिकायत, फोन पर हुई बातचीत और जहरीला पदार्थ पीने की परिस्थितियों की भी जांच की जा सकती है।

फिलहाल इस मामले में सामने आए आरोपों और परिजनों के बयानों की स्वतंत्र पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस की जांच से यह स्पष्ट होगा कि घटना के पीछे परिस्थितियां क्या थीं और मामले में किसी तरह की कानूनी जिम्मेदारी बनती है या नहीं।

पांच बच्चों के भविष्य को लेकर परिवार के सामने बड़ी चुनौती

Bhadohi Suicide Case का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि मृतक अपने पीछे पांच बच्चों को छोड़ गया है। बच्चों की उम्र कम होने के कारण उनके पालन-पोषण, शिक्षा और भविष्य की जिम्मेदारी अब परिवार के अन्य सदस्यों पर आ गई है।

ऐसे मामलों में विशेषज्ञ अक्सर सलाह देते हैं कि पारिवारिक तनाव या भावनात्मक संकट के दौरान व्यक्ति को अकेला नहीं छोड़ना चाहिए। यदि कोई व्यक्ति खुद को नुकसान पहुंचाने की बात कहता है, तो उसकी बात को गंभीरता से लेते हुए तुरंत परिवार, भरोसेमंद लोगों और स्थानीय आपातकालीन या मानसिक स्वास्थ्य सहायता से संपर्क करना जरूरी है।

यह घटना केवल एक परिवार की त्रासदी नहीं है, बल्कि यह भी बताती है कि लंबे समय तक चलने वाला पारिवारिक तनाव किसी व्यक्ति की मानसिक स्थिति पर कितना गहरा असर डाल सकता है। इसलिए संकट की स्थिति में बातचीत, सहयोग और समय पर सहायता बेहद जरूरी है।

पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी। इस Bhadohi Suicide Case ने कसौड़ा गांव ही नहीं, बल्कि पूरे इलाके को गमगीन कर दिया है।

Related Posts

Nehal Vadoliya Bold Industry: वृंदावन में शूट की गंदी फिल्म-खाया नॉनवेज, पछताई एक्ट्रेस ने किया सबसे बड़ा खुलासा

टीवी और ओटीटी की बोल्ड भूमिकाओं से पहचान बनाने वाली अभिनेत्री नेहल वडोलिया ने…

1 of 879

Leave A Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *