उमाकांत त्रिपाठी। इजराइल और ईरान के बीच तनाव बढ़ता ही जा रहा है। पिछले दो दिनों में इजराइल ने ईरान पर लगातार एयरस्ट्राइक की। इजराइल के फाइटर जेट्स ने शुक्रवार की रात ईरान के न्यूक्लियर ठिकानों पर मिसाइलें दागीं। ईजराइल और ईरान के बीच इस मिसाइली घमासान में अब तक 78 लोगों की मौत हुई, वहीं 350 से ज्यादा लोग घायल हुए। इजराइल के पीएम नेतन्याहू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दोनों देशों के बीच बन रहे हालातों की जानकारी दी।
पीएम नेतन्याहू ने की पीएम मोदी से बात
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा- इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू का फोन आया। उन्होंने मुझे मौजूदा हालात की जानकारी दी। मैंने भारत की चिंता जाहिर की और क्षेत्र में जल्द से जल्द शांति और स्थिरता बहाल करने की जरूरत पर जोर दिया।
पीएम नेतन्याहू को सुरक्षित ठाकने पर किया शिफ्ट
ईरान की संभावित जवाबी कार्रवाई को देखते हुए इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को एक सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया। दरअसल, इससे पहले शुक्रवार तड़के करीब 5:30 बजे इजराइली सेना ने ईरान के कुछ अहम परमाणु केंद्रों और सैन्य ठिकानों पर हमला किया था। इस कार्रवाई में 6 परमाणु वैज्ञानिकों समेत 20 से ज्यादा सैन्य अधिकारियों के मारे जाने की खबर है।
ईरान ने इजराइल पर दागीं 150 मिसाइल्स
इजरायल के ‘ऑपरेशन राइजिंग लायन’ के जवाब में ईरान ने भी ऑपरेशन ‘ट्रू प्रॉमिस 3’ शुरू कर दिया है। इसक चलते ईरान ने इजराइल पर 150 बैलिस्टिक मिसाइल्स (Ballistic Missiles) दाग दीं हैं। इसके अलावा इजराइल पर लेबनान और जॉर्डन ने भी हमला कर दिया। ऐसा होने के बाद इजराइल ने ईरान पर एयर स्ट्राइक शुरू कर दी।
ईरान के इन सैन्य अधिकारियों की हुई मौत
ईरान के सरकारी मीडिया ने पुष्टि की है कि इजराइल के हमले में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के कमांडर हुसैन सलामी की मौत हो गई है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, इस हमले में ईरान के दो प्रमुख परमाणु वैज्ञानिक—मोहम्मद मेहदी तेहरांची और फरदून अब्बासी—भी मारे गए हैं। इजराइली पक्ष का कहना है कि इस कार्रवाई में ईरान के सेना प्रमुख मोहम्मद बाघेरी समेत कई उच्च पदस्थ सैन्य अधिकारी और वरिष्ठ परमाणु वैज्ञानिक भी मारे गए हैं।















