उमाकांत त्रिपाठी। भुवनेश्वर/मयूरभंज: PM Modi Odisha Visit 2026 देश की राजनीति और विकास के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक दिवसीय दौरे पर ओडिशा पहुंचे, जहां उन्होंने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के ससुराल पहाड़पुर का दौरा किया। यह दौरा इसलिए भी खास रहा क्योंकि आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अपना 68वां जन्मदिन मना रही हैं। प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मुर्मू ने इस अवसर पर कई सांस्कृतिक और विकास कार्यक्रमों में हिस्सा लिया।
इस दौरे के दौरान प्रधानमंत्री राज्य में ₹47,600 करोड़ से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इनमें ऊर्जा, सड़क, रेलवे, सिंचाई, स्वास्थ्य, शिक्षा और पर्यटन जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं।
राष्ट्रपति मुर्मू के ससुराल पहाड़पुर पहुंचे प्रधानमंत्री मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मयूरभंज जिले के पहाड़पुर हेलीपैड पर भव्य स्वागत किया गया। ओडिशा के राज्यपाल हरि बाबू कंभमपति और मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने उनका स्वागत किया।
इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी सीधे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के ससुराल पहाड़पुर पहुंचे। यहां राष्ट्रपति मुर्मू और प्रधानमंत्री ने संयुक्त रूप से कई कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। दोनों नेताओं ने पहाड़पुर स्थित स्किल ट्रेनिंग हब का दौरा किया और वहां प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे युवाओं से बातचीत की।
इस दौरान स्थानीय लोगों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। आदिवासी समुदाय के लोगों ने पारंपरिक नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए दोनों नेताओं का स्वागत किया।
संथाल समुदाय के पवित्र स्थलों पर की पूजा-अर्चना
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मुर्मू ने मयूरभंज जिले में स्थित संथाल समुदाय के पवित्र धार्मिक स्थलों संथाली जाहेरा और हो जाहेरा में पूजा-अर्चना भी की।
यह कार्यक्रम आदिवासी संस्कृति और परंपराओं को सम्मान देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। राष्ट्रपति मुर्मू स्वयं संथाल समुदाय से आती हैं, इसलिए इस आयोजन को विशेष महत्व दिया गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर पहुंचने के बाद भी राष्ट्रपति मुर्मू अपनी जड़ों और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ी हुई हैं। प्रधानमंत्री मोदी की मौजूदगी ने इस कार्यक्रम को और अधिक ऐतिहासिक बना दिया।
₹47,600 करोड़ की परियोजनाओं से बदलेगा ओडिशा का विकास परिदृश्य
PM Modi Odisha Visit 2026 का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा राज्य के विकास से जुड़ी बड़ी परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास है।
प्रधानमंत्री मोदी राज्य में कुल ₹47,600 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं की शुरुआत करेंगे। इन परियोजनाओं का उद्देश्य बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और रोजगार के नए अवसर पैदा करना है।
इन प्रमुख परियोजनाओं में शामिल हैं:
600 मेगावाट का अपर इंद्रावती पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट
IB थर्मल पावर स्टेशन का स्टेज-II विस्तार
झारसुगुडा में भारत कोल गैसीफिकेशन एंड केमिकल्स लिमिटेड (BCGCL) परियोजना
भुवनेश्वर में 300 टन क्षमता वाला कंप्रेस्ड बायोगैस प्लांट
कटक-भुवनेश्वर को जोड़ने वाला काठाजोड़ी नदी पुल
NH-353 और NH-57 से जुड़े सड़क विकास प्रोजेक्ट
कुसुमडीही मेगा लिफ्ट सिंचाई परियोजना
IGNOU क्षेत्रीय केंद्र और बैडमिंटन कॉम्प्लेक्स
300 बिस्तरों वाले अस्पताल की नई इमारत
24 अटल बस स्टैंड और 9 ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन
इन परियोजनाओं के पूरा होने से राज्य में औद्योगिक निवेश, परिवहन सुविधा और कृषि क्षेत्र को बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है।
रेलवे और परिवहन क्षेत्र को मिलेगा बड़ा लाभ
प्रधानमंत्री मोदी इस दौरे में रेलवे से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजनाओं को भी राष्ट्र को समर्पित करेंगे।
करीब ₹732 करोड़ की लागत से तैयार दो मल्टी-ट्रैकिंग रेलवे परियोजनाओं का उद्घाटन किया जाएगा। इनमें हिंडोल रोड-मेरामांडली मल्टी-ट्रैकिंग प्रोजेक्ट प्रमुख है, जिसे लगभग ₹409 करोड़ की लागत से पूरा किया गया है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार इन परियोजनाओं से माल और यात्री ट्रेनों की आवाजाही तेज होगी तथा औद्योगिक क्षेत्रों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का जन्मदिन बना विशेष अवसर
आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का 68वां जन्मदिन भी है। इस अवसर पर पहाड़पुर और रायरंगपुर में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए।
स्थानीय लोगों ने फूलों, पारंपरिक ढोल-नगाड़ों और आदिवासी सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ राष्ट्रपति का स्वागत किया। बड़ी संख्या में लोग उन्हें शुभकामनाएं देने पहुंचे।
राष्ट्रपति शुक्रवार को ही ओडिशा पहुंच गई थीं। खराब मौसम के कारण उनका हेलिकॉप्टर उड़ान नहीं भर सका, जिसके चलते उन्हें पश्चिम बंगाल के कलाईकुंडा एयरफोर्स स्टेशन से सड़क मार्ग के जरिए ओडिशा पहुंचना पड़ा।
पहाड़पुर से शुरू हुआ था राष्ट्रपति मुर्मू का राजनीतिक सफर
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का राजनीतिक जीवन मयूरभंज क्षेत्र से ही शुरू हुआ था। वर्ष 1997 में उन्होंने रायरंगपुर नगर पंचायत की पार्षद के रूप में अपने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत की।
इसके बाद वह दो बार विधायक बनीं और ओडिशा सरकार में मंत्री भी रहीं। 2015 में झारखंड की पहली महिला राज्यपाल बनने का गौरव हासिल किया और 2022 में भारत की पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति बनीं।
आज उनका जन्मदिन और प्रधानमंत्री मोदी का पहाड़पुर दौरा राज्य के लिए ऐतिहासिक अवसर माना जा रहा है।














