उमाकांत त्रिपाठी। : Police Commemoration Day 2026 के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के पुलिसकर्मियों के योगदान की सराहना करते हुए कर्तव्य निभाने के दौरान शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कहा कि पुलिस स्मृति दिवस उन पुलिसकर्मियों के प्रति आभार व्यक्त करने का अवसर है, जो कठिन परिस्थितियों में भी पूरी निष्ठा से देश और नागरिकों की सेवा करते हैं।
प्रधानमंत्री ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराधों से मुकाबला करने, आपातकालीन परिस्थितियों में सहायता पहुंचाने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में पुलिसकर्मियों की भूमिका को अमूल्य बताया। वहीं, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय पुलिस स्मारक पर आयोजित कार्यक्रम में शहीद जवानों को श्रद्धांजलि दी और बाइक रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
पीएम मोदी ने पुलिसकर्मियों के योगदान को सराहा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पुलिस स्मृति दिवस पर देश के सभी पुलिसकर्मियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मी कई बार बेहद चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में काम करते हैं और अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी प्रतिबद्धता के साथ करते हैं।
पीएम मोदी ने अपने संदेश में कहा कि पुलिसकर्मियों का योगदान केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने तक सीमित नहीं है। वे अपराधों से लड़ने, आपात स्थितियों में लोगों की मदद करने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
प्रधानमंत्री ने कर्तव्य के दौरान अपने प्राण न्योछावर करने वाले वीर पुलिसकर्मियों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि जवानों का साहस, अटूट समर्पण और सर्वोच्च बलिदान देश की स्मृतियों में हमेशा अंकित रहेगा।
अमित शाह ने शहीद पुलिसकर्मियों को दी श्रद्धांजलि
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राष्ट्रीय पुलिस स्मारक में आयोजित नेशनल पुलिस स्मरण दिवस परेड में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने कर्तव्य पालन करते हुए जान गंवाने वाले पुलिसकर्मियों को पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
पुलिस स्मृति दिवस उन जवानों के बलिदान को याद करने का अवसर है, जिन्होंने देश की सुरक्षा और नागरिकों की रक्षा करते हुए अपने प्राणों की आहुति दी। इस मौके पर शहीद पुलिसकर्मियों की बहादुरी, कर्तव्यनिष्ठा और समर्पण को याद किया गया।
अमित शाह ने इस अवसर पर राष्ट्रीय पुलिस स्मारक से एक मोटरसाइकिल रैली को भी हरी झंडी दिखाई। इस रैली में विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के पुलिस राइडर्स के साथ केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों तथा केंद्रीय पुलिस संगठनों के जवान शामिल हुए।
9 राज्यों के करीब 90 पुलिस राइडर्स हुए शामिल
राष्ट्रीय पुलिस स्मारक से रवाना की गई बाइक रैली में 9 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के करीब 90 पुलिस राइडर्स के शामिल होने की जानकारी दी गई। इसके अलावा केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों और केंद्रीय पुलिस संगठनों के जवान भी इस अभियान का हिस्सा बने।
यह रैली नशे के खिलाफ लड़ाई का संदेश देने के लिए आयोजित राष्ट्रव्यापी अभियान से जुड़ी है। इसके जरिए पुलिसकर्मियों ने नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाने और समाज को इस समस्या के खिलाफ एकजुट होने का संदेश देने का प्रयास किया।
निर्धारित कार्यक्रम के मुताबिक, सभी राइडर्स 31 अक्टूबर 2026 को गुजरात के एकता नगर पहुंचेंगे। वहां वे एकता परेड में हिस्सा लेंगे। इस अभियान का उद्देश्य पुलिस बलों की भागीदारी के साथ नशे के खिलाफ जागरूकता और राष्ट्रीय एकता का संदेश पहुंचाना है।
क्यों मनाया जाता है पुलिस स्मृति दिवस?
पुलिस स्मृति दिवस हर साल 21 अक्टूबर को मनाया जाता है। इस दिन कर्तव्य निभाते हुए शहीद हुए पुलिसकर्मियों के बलिदान को याद किया जाता है और देश की सुरक्षा में पुलिस बलों के योगदान को सम्मान दिया जाता है।
इस तारीख का ऐतिहासिक संबंध 21 अक्टूबर 1959 की घटना से है, जब लद्दाख के हॉट स्प्रिंग्स क्षेत्र में चीनी सैनिकों के हमले में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के 10 जवान शहीद हो गए थे। उन्हीं के सम्मान और पुलिस बलों के बलिदान को याद करने के लिए यह दिवस मनाया जाता है।
पुलिस स्मृति दिवस का उद्देश्य केवल शहीद जवानों को श्रद्धांजलि देना नहीं, बल्कि पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारियों, चुनौतियों और समाज की सुरक्षा में उनकी अहम भूमिका को भी रेखांकित करना है।
पुलिसकर्मियों के साहस और बलिदान को देश का नमन
पुलिस स्मृति दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के संदेशों में पुलिस बलों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का भाव दिखाई दिया। पीएम मोदी ने पुलिसकर्मियों की सेवा और समर्पण को सराहा, जबकि अमित शाह ने शहीद जवानों को श्रद्धांजलि देने के साथ नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान को आगे बढ़ाया।
देश की आंतरिक सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और नागरिकों की रक्षा में पुलिसकर्मियों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। कठिन परिस्थितियों में ड्यूटी निभाने वाले इन जवानों का योगदान समाज की सुरक्षा व्यवस्था की मजबूत नींव है। पुलिस स्मृति दिवस उनके इसी साहस, सेवा और सर्वोच्च बलिदान को याद करने का अवसर है।














