उमाकांत त्रिपाठी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बुधवार को तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने मुलाकात की. यह मुलाकात करीब एक घंटे तक चली और इस दौरान रेवंत रेड्डी के हाथों में कागजों का पुलिंदा था. इस दौरान उन्होंने राज्य के कई मुद्दों के बारे में बात की पर उनके निशाने पर कुछ और ही था. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य में विभिन्न लंबित परियोजनाओं के लिए केंद्र का समर्थन मांगा.
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने पीएम मोदी के साथ बैठक की
कांग्रेसी मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी की पीएम मोदी के साथ करीब एक घंटे तक चली इस बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को नागरकुरनूल जिले में श्रीसैलम लेफ्ट बैंक कैनाल (एसएलबीसी) सुरंग में चल रहे बचाव अभियान के बारे में भी जानकारी दी. राज्य और केंद्र सरकार की कई एजेंसियां 22 फरवरी से सुरंग के एक हिस्से के धंसने के बाद फंसे आठ लोगों को बचाने के अभियान में लगी हुई हैं. इससे पहले, प्रधानमंत्री ने 22 फरवरी को सुरंग दुर्घटना के बाद मुख्यमंत्री से फोन पर बात की थी. उन्होंने घटना के बारे में जानकारी ली और बचाव अभियान के लिए केंद्र से हर संभव सहायता का आश्वासन दिया.
बजट में तेलंगाना को कुछ भी नहीं मिला: रेड्डी
बैठक में मुख्यमंत्री के साथ सूचना प्रौद्योगिकी और उद्योग मंत्री डी. श्रीधर बाबू भी थे. मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को 2025-26 के केंद्रीय बजट में तेलंगाना के लिए आवंटन की कमी के बारे में बताया. मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री मोदी से राज्य में प्रस्तावित बुनियादी ढांचा और विकास परियोजनाओं के लिए समर्थन देने का आग्रह किया. रेवंत रेड्डी ने क्षेत्रीय रिंग रोड (आरआरआर), हैदराबाद मेट्रो रेल परियोजना के दूसरे चरण, मूसी रिवरफ्रंट विकास परियोजना और झीलों के पुनरुद्धार के लिए केंद्र की सहायता मांगी.














