उमाकांत त्रिपाठी।सागर के दंपती ने हरियाणा के रेवाड़ी में सुसाइड कर लिया। एक मकान के अंदर दोनों के शव एक ही फांसी के फंदे पर लटके मिले। दोनों ने 5 साल पहले ही लव मैरिज की थी। घटना का पता उस वक्त लगा, जब युवक का भाई उनके कमरे में पहुंचा। दरवाजा अंदर से बंद था। खटखटाने पर भी कोई जवाब नहीं मिला तो दरवाजा तोड़ा गया।

अंदर दोनों फंदे पर लटके हुए थे। घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को दी गई। जांच के लिए फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। मौके से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें लिखा था- ‘हमारी डेडबॉडी मां-बाप को दे देना।’ इसके अलावा शुक्रवार को युवक ने इंस्टाग्राम पर स्टोरी लगाई थी, जिसमें उसने लिखा- ‘भाइयों सभी को आखिरी गुड नाइट’। दोनों के शव पोस्टमॉर्टम के लिए सिविल अस्पताल भेजे गए हैं।

आइए जानते है- पूरा मामला
दोनों कंपनी में काम करते थे: मृतकों की पहचान राजकुमार (26) और उसकी पत्नी हाली (22) के रूप में हुई है। राजकुमार के भाई महेंद्र ने बताया कि राजकुमार और हाली ने साल 2020 में लव मैरिज की थी। शादी के बाद ही वे रोजगार की तलाश में हरियाणा के रेवाड़ी के धारूहेड़ा आए थे। दोनों प्राइवेट कंपनी में काम करते थे।
रात को दोनों पार्टी से लौटे थे: महेंद्र ने आगे बताया कि रात 11 बजे दोनों किसी की मैरिज एनिवर्सरी पार्टी में गए थे। 1 बजे ये लौट आए। शनिवार सुबह करीब 8 बजे राजकुमार ने उसके साथ नाश्ता किया था। इसके बाद वह अपने कमरे में चला गया।
खिड़की से भीतर देखा तो लटके दिखे दोनों: महेंद्र ने बताया कि सुबह करीब 10 बजे जब उसके बड़े भाई राजकुमार को बुलाने गया तो कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। काफी देर तक आवाज लगाने और दरवाजा खटखटाने के बाद भी कोई जवाब नहीं मिला। शक होने पर उन्होंने खिड़की से झांका तो राजकुमार और हाली एक ही फंदे पर लटके हुए थे।
इंस्टाग्राम पर स्टोरी लगाई: राजकुमार के भाई महेंद्र ने यह भी बताया कि जब उन्होंने राजकुमार की इंस्टाग्राम अकाउंट चेक किया तो पता चला कि उसने पार्टी से आने के बाद इंस्टाग्राम पर एक स्टोरी लगाई थी, जिसमें उसने लिखा था कि भाइयों सभी को आखिरी गुड नाइट।
SHO ने बताया- सुसाइड नोट में क्या लिखा था
धारुहेड़ा थाना प्रभारी कश्मीर ने बताया कि- सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। घटनास्थल से बरामद सुसाइड नोट में लिखा था, ‘हमारी डेडबॉडी हमारे मां-बाप आएं तो उनको दे देना, नहीं तो यहीं पर दाह संस्कार कर देना। हमारा सामान भाई को सौंप देना।’ पुलिस आत्महत्या के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए आगे की छानबीन कर रही है।

माता-पिता मजदूरी करने बाहर गए, घर में बुजुर्ग दादा
सागर से मिली जानकारी के मुताबिक, राजकुमार अहिरवार (पिता गणेश) बरपानी का रहने वाला था। उसने उमरा गांव में रहने वाली हाली से प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद से वह गांव लौटकर नहीं आया। रेवाड़ी में ही रहकर मजदूरी करता था। उसका भाई भूपेंद्र अहिरवार भी बाहर रहकर मजदूरी करता है। माता-पिता दीपावली का त्योहार मनाने के बाद गांव से बाहर मजदूरी करने गए हैं। गांव में सिर्फ उसके बुजुर्ग दादा रहते हैं।
















