Meerut Murder Case: खबर इंडिया की।मेरठ के चर्चित सौरभ राजपूत हत्याकांड में Muskan Sahil Death Penalty का फैसला सुनाया गया है। पति सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला को अदालत ने फांसी की सजा सुनाई। सजा सुनाते हुए जज ने हत्याकांड को नृशंस बताया और कहा कि इसमें माफी स्वीकार नहीं होगी। फैसले के बाद सौरभ की मां भावुक हो गईं। उन्होंने कहा कि उन्हें शांति से न्याय मिल गया।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से कोर्ट में पेश हुए मुस्कान और साहिल
सजा सुनाए जाने से पहले जेल में बंद मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत से जोड़ा गया। सजा के ऐलान से पहले दोनों भावुक होकर रोने लगे।
अदालत में जज ने मुस्कान से पूछा कि वह अपने पति सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में दोषी है, तो वह क्या सजा चाहती है। इस पर मुस्कान ने कहा कि उसकी बच्चियों का ख्याल रखा जाए। इसके बाद वह खामोश हो गई।
जज ने यही सवाल साहिल से भी पूछा, लेकिन वह कोई जवाब नहीं दे सका। अदालत ने इसके बाद दोनों को फांसी की सजा सुनाई।
फैसले के बाद सौरभ राजपूत की मां की आंखों से आंसू निकल पड़े। उन्होंने कहा कि उन्हें शांति से न्याय मिल गया। इस मामले में फैसले को सौरभ के परिवार के लिए अहम माना जा रहा है।
3 मार्च 2025 को हुई थी सौरभ राजपूत की हत्या
सौरभ राजपूत की हत्या 3 मार्च 2025 को हुई थी। आरोप के मुताबिक, मुस्कान और साहिल ने मिलकर सौरभ की हत्या की और फिर सबूत मिटाने की कोशिश की।
बताया गया कि शव को पांच टुकड़ों में काटकर नीले ड्रम में रखा गया था। इसके बाद शव को छिपाने के लिए ड्रम में सीमेंट का घोल डाल दिया गया था। इस घटना के सामने आने के बाद मामला देशभर में चर्चा का विषय बन गया था।
पुलिस जांच और अदालती कार्यवाही के बाद मामले में दोनों आरोपियों को दोषी ठहराया गया। अदालत ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए उन्हें मृत्युदंड की सजा सुनाई।
फांसी की सजा के बाद जेल में बदलेगी व्यवस्था
अदालत से फांसी की सजा मिलने के बाद जिला कारागार में मुस्कान और साहिल को रखने की व्यवस्था में बदलाव की तैयारी की गई है। जेल प्रशासन ने इस संबंध में बैठक कर आगे की प्रक्रिया पर चर्चा की।
रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों को 24 घंटे के भीतर विशेष बैरक में शिफ्ट किया जाएगा। इससे पहले मुस्कान रस्तोगी को बैरक नंबर 12-बी और साहिल शुक्ला को बैरक नंबर 15 में रखा गया था।
जेल में दोनों अब तक सामान्य कपड़े पहन रहे थे। नई व्यवस्था के तहत मुस्कान को क्रीम रंग की साड़ी या सूट और साहिल को सफेद कुर्ता-पायजामा पहनना होगा।
वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा के मुताबिक, अदालत के फैसले की आधिकारिक प्रति मिलने के बाद नई व्यवस्था लागू की जाएगी। इसके साथ ही दोनों को कैदी नंबर भी आवंटित किए जाएंगे।
फैसले के बाद आगे क्या होगा?
मुस्कान और साहिल को फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद अब मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी। मृत्युदंड के मामलों में अपील और अन्य निर्धारित कानूनी प्रक्रियाओं के विकल्प उपलब्ध होते हैं। इसलिए सजा सुनाए जाने और सजा पर अंतिम अमल होने के बीच कानूनी प्रक्रिया पूरी होना जरूरी है।
सौरभ राजपूत हत्याकांड में अदालत के फैसले के बाद उनके परिवार को न्याय मिलने की उम्मीद से जुड़ी प्रतिक्रिया सामने आई है। अब आगे की कानूनी कार्यवाही पर सभी की नजर रहेगी।















