उमाकांत त्रिपाठी। पश्चिम बंगाल के पुरुलिया में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दूसरी चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोला। अपने भाषण में उन्होंने राज्य सरकार पर भ्रष्टाचार, आदिवासी विरोधी नीतियों और विकास में बाधा डालने के गंभीर आरोप लगाए।
प्रधानमंत्री ने कहा कि TMC के भ्रष्टाचार और ज़ुल्मों ने बंगाल के लोगों को डरा दिया है, लेकिन अब जनता का भरोसा भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि BJP सरकार ने आदिवासियों के लिए अलग मंत्रालय बनाया और उनके विकास के लिए विशेष फंड भी दिया। साथ ही यह भी याद दिलाया कि देश में आदिवासी नेतृत्व को बढ़ावा देने के लिए भाजपा ने कई बड़े कदम उठाए हैं।
मोदी ने TMC सरकार को “निर्मम सरकार” बताते हुए कहा कि उसकी दिलचस्पी सिर्फ लूट-खसोट में है, आदिवासी समाज के विकास में नहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में आदिवासी क्षेत्रों के लिए बनी योजनाएं लागू ही नहीं की जातीं, जिससे पिछड़ी जनजातियां लगातार पीछे छूट रही हैं।
प्रधानमंत्री ने जनता से सीधा आह्वान करते हुए कहा, “आप बीजेपी सरकार लाइए, हम टीएमसी की परमानेंट सर्जरी करेंगे।” उन्होंने यह भी कहा कि जब तक मंडियों में TMC का सिंडिकेट सक्रिय रहेगा, तब तक किसानों और युवाओं का शोषण जारी रहेगा।
मोदी ने केंद्र सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि पीएम विश्वकर्मा योजना के तहत कारीगरों को आधुनिक ट्रेनिंग और आर्थिक सहायता दी जा रही है। उन्होंने बताया कि पड़ोसी राज्य ओडिशा में लाखों लोग इस योजना का लाभ उठा चुके हैं, लेकिन बंगाल में TMC सरकार ने इसे लागू नहीं होने दिया।
प्रधानमंत्री ने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि “बंगाल टाइगर” यानी यहां की जनता की ताकत से TMC सरकार डर गई है। उन्होंने TMC नेताओं को आगाह करते हुए कहा कि जो लोग भ्रष्टाचार में शामिल हैं, वे समय रहते आत्मसमर्पण कर दें, क्योंकि चुनाव के बाद सख्त कार्रवाई होगी।
मोदी ने अपने संबोधन में बांकुड़ा की कला और टेराकोटा शिल्प की भी सराहना की और कहा कि ऐसे कारीगरों को सशक्त बनाने के लिए ही केंद्र सरकार योजनाएं चला रही है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि बंगाल में BJP की सरकार बनने पर विकास की गति तेज होगी और सभी योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंचेगा।














