उमाकांत त्रिपाठी। प्रधानमंत्री मोदी ने दिल्ली में सशक्त नारी-विकसित भारत प्रोग्राम में शामिल हुए हैं। उन्होंने एक हजार दीदियों को ड्रोन सौपे। ये ड्रोन फसलों की निगरानी, पेस्टिसाइड्स-फर्टिलाइजर का छिड़काव और बीज बुवाई जैसे कामों में मददगार होंगे। PM इंडियन एग्रिकल्चर रिसर्च इंस्टीट्यूट में नमो ड्रोन दीदियों की ओर से आयोजित कृषि ड्रोन प्रदर्शन देखेंगे।
पीएम के भाषण की बड़ी बातें
इस कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कहा कि जब भी मैंने महिला सशक्तिकरण पर बात की, तब कांग्रेस जैसी पार्टियों ने मेरा मजाक उड़ाया और अपमान किया। मोदी की स्कीम जमीनी अनुभवों के नतीजों पर आधारित हैं। आज हमने 10,000 करोड़ रुपए की राशि इन दीदीयों के खाते में जमा कराई गई हैं।
पीएम ने कहा कि कोई भी देश या समाज में नारी शक्ति की गरिमा बढ़ाते हुए ही आगे बढ़ सकता है। लेकिन दुर्भाग्य से पहले की सरकारों के लिए महिलाओं की मुश्किलें और उनका जीवन कभी प्राथमिकता नहीं रही, मेरा अनुभव है कि अगर महिलाओं का थोड़ा अवसर-सहारा मिल जाए तो उन्हें सहारे की जरूरत नहीं रहती है वे लोगों का सहारा बन जाती हैं।
क्या है नमो ड्रोन दीदी स्कीम
नमो ड्रोन दीदी स्कीम की शुरुआत 2022 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की थी। इसके तहत 1 लाख महिलाओं को अगले 5 सालों में ट्रेनिंग देने का लक्ष्य रखा गया। इस योजना को देशभर के कृषि विज्ञान केंद्रों के जरिए लागू किया गया।
सरकार का कहना है कि इस स्कीम का मकसद महिलाओं को सशक्त बनाना है। उन्हें आर्थिक रूप से मजबूत करना है। यह स्कीम कृषि में लगने वाली लागत में कमी ला सकती है। इससे रोजगार के मौके भी बढ़ेंगे।
1 फरवरी को पेश किए गए अंतरिम बजट में ड्रोन दीदी स्कीम के लिए 500 करोड़ रुपए आवंटित किए गए। पिछले साल के मुकाबले यह पैसा 2.5 गुना ज्यादा है। 2023 में इस स्कीम के लिए 200 करोड़ रुपए दिए गए थे।














