उमाकांत त्रिपाठी: नरेंद्र दमादर दास मोदी (Narendra Damodar Das Modi) ने रविवार, 9 जून को भारत के प्रधानमंत्री की लगातार तीसरी बार शपथ ली।दिल्ली में राष्ट्रपति भवन में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में मोदी ने साथ बीजेपी के सहयोगी दलों के 69 सांसदों ने भी मंत्री पद की शपथ ग्रहण की।मोदी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शपथ दिलाई। इसी के साथ मोदी 3.0 कैबिनेट के मंत्रियों ने भी शपथ ली।
मोदी 2014 में पहली और 2019 में दूसरी बार पीएम बने थे
नरेंद्र मोदी ने रविवार यानी 9 जून को लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली।इससे पहले 26 मई, 2014 में नरेंद्र मोदी ने पहली और 30 मई 2019 को दूसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी।यहां बता दें कि नरेंद्र मोदी आजादी के बाद जन्म लेने वाले पहले प्रधानमंत्री हैं। इसी के साथ लगातार 10 साल बहुमत के साथ केंद्र में गैर-कांग्रेसी सरकार चलाने वाले मोदी इकलौते नेता हैं।
पहले गुजरात के सीएम फिर 14 साल बाद बने पीएम
नरेंद्र मोदी ने 1972 में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ज्वॉइन की थी। इसके बाद 1987 में भारतीय जनता पार्टी (BJP) का हिस्सा बने। केशुभाई पटेल के इस्तीफे के बाद 7 अक्टूबर 2001 को पहली बार मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। इसके बाद 2014 तक इस पद पर रहे। 26 मई 2014 को नरेंद्र मोदी ने पहली और 30 मई 2019 को दूसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी।
मोदी के पीएम बनते ही यह नया इतिहास बना
नरेंद्र मोदी के तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेते ही वाराणसी संसदीय सीट के इतिहास में नया पन्ना जुड़ गया है। वाराणसी उत्तरप्रदेश की ऐसी दूसरी सीट बन गई जहां से लगातार तीसरी बार चुने जाने वाले सांसद प्रधानमंत्री बने। इससे पहले यह रिकॉर्ड प्रयागराज (इलाहाबाद) की फूलपुर सीट और देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू के नाम था।














