उमाकांत त्रिपाठी।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार 12वीं बार लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करने जा रहे हैं. 15 अगस्त को पीएम मोदी लाल किले पर झंडा फहराएंगे और भाषण देंगे. साल 2015 में ही वो सबसे लंबा भाषण देने का रिकॉर्ड तोड़ चुके हैं, वहीं पिछले साल यानी 2024 में पीएम मोदी ने लाल किले से अपना सबसे लंबा 98 मिनट का भाषण दिया. आइए जानते हैं कि- पीएम ने पिछले साल के भाषण में क्या-क्या कहा और उनकी पूरी स्पीच कैसी थी.
स्किल इंडिया से लेकर स्वच्छ भारत मिशन की बात
पीएम मोदी ने पिछले साल के अपने 15 अगस्त वाले भाषण में कई अहम मु्द्दों का जिक्र किया.जिसमें स्किल इंडिया से लेकर ग्रीन हाइड्रोजन मिशन, क्लाइमेटचेंज और स्वच्छ भारत मिशन की बात कही. उन्होंने कहा कि- देश का ध्यान अब हरित विकास और हरित रोजगार पर है, जिससे रोजगार के अवसर पैदा होंगे और पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान मिलेगा. पीएम मोदी ने कहा कि- विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को हासिल करने के लिए भारत को ‘स्वस्थ भारत’ के रास्ते पर चलना होगा, जिसकी शुरुआत राष्ट्रीय पोषण अभियान की शुरुआत से हुई है.
इस भाषण में पीएम मोदी ने राजनीति में नए लोगों की एंट्री की बात भी कही. प्रधानमंत्री मोदी ने एक लाख युवाओं को राजनीतिक व्यवस्था में लाने का आह्वान किया, खासकर उन युवाओं को जिनके परिवारों में राजनीति का कोई इतिहास नहीं है.पीएम ने कहा कि- इस पहल का उद्देश्य भाई-भतीजावाद और जातिवाद जैसी बुराइयों से लड़ना और भारत की राजनीति में नए लोगों का प्रवेश कराना है.
ये रहा पीएम मोदी का 2024 का पूरा भाषण –
आज वो शुभ घड़ी है, जब हम देश के लिए मर-मिटने वाले, देश की आजादी के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले, आजीवन संघर्ष करने वाले, फांसी के तख्ते पर चढ़ करके भारत मां की जय के नारे लगाने वाले अनगिनत आजादी के दीवानों को नमन करते हैं. प्राकृतिक आपदा में अनेक लोगों ने अपने परिवारजन खोये हैं, सम्पत्ति खोई है, राष्ट्र ने भी बारम्बार नुकसान भोगा है. मैं आज उन सबके प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करता हूं.
विकसित भारत 2047, ये सिर्फ भाषण के शब्द नहीं हैं, इसके पीछे कठोर परिश्रम चल रहा है. मुझे प्रसन्नता है कि मेरे देश के करोड़ों नागरिकों ने विकसित भारत 2047 के लिए अनगिनत सुझाव दिए हैं. देशवासियों का ये भरोसा सिर्फ कोई intellectual debate नहीं है, ये भरोसा अनुभव से निकला हुआ है. ढाई करोड़ घरों में बिजली पहुंच जाती है. तब सामान्य मानवीय का भरोसा बढ जाता है. स्चच्छता की चर्चा हो, स्वच्छता के संबंध में एक दूसरे को रोक टोकने का निरंतर प्रयास चलता रहे, मैं समझता हूं कि ये भारत के अंदर आई हुई नई चेतना का प्रतिबिंब है.
जल जीवन मिशन के तहत इतने कम समय में नए 12 करोड़ परिवारों को जल जीवन मिशन के तहत नल से जल पहुंच रहा है. आज 15 करोड़ परिवार इसके लाभार्थी बन चुके हैं.हमने वोकल फॉर लोकल का मंत्र दिया. हर डिस्ट्रिक्ट अपनी पैदावर के लिए गर्व करने लगा है. One district one product का माहौल बना है. अब one district one product को one district का one product export कैसे हो उस दिशा में सभी जिले सोचने लगे हैं.
सेना करती है सर्जिकल स्ट्राइक
देश गर्व करता है आज जब fintech की सफलताओं को लेकर पूरा विश्व भारत से कुछ सीखना समझना चाहता है. तब हमारा गर्व और बढ़ जाता है. यही देश है जब आतंकवादी हमें मार के चले जाते थे. आज जब देश की सेना Surgical Strike करती है, तो उस देश के नौजवानों का सीना गर्व से भर जाता है. मैं देशवासियों को विश्वास दिलाना चाहता हूं, reforms के प्रति हमारी जो प्रतिबद्धता है वो pink paper के editorial के लिए सीमित नहीं है. reforms का हमारा मार्ग एक प्रकार से growth की blue print बना हुआ है.
हमने बैंकिंग सेक्टर को मजबूत बनाने के लिए अनेक रिफॉर्म्स किए और आज उसके कारण हमारे बैंक विश्व में जो गिने चुने मजबूत बैंक हैं उसमें भारत के बैंकों ने अपना स्थान बनाया है. जब बैंक मजबूत होती है ना तब formal economy की ताकत भी बढ़ती है. मुझे तो खुशी है कि मेरे पशुपालक भी, मेरे मछली पालन करने वाले भाई-बहन भी आज बैंकों से लाभ ले रहे हैं. मुझे खुशी है मेरे रेहड़ी-पटरी वाले लाखों भाई-बहन आज बैंक के साथ जुड़कर के अपनी नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर रहे हैं. हमारा एक ही संकल्प होता है- Nation First- राष्ट्रहित सुप्रीम. ये मेरा भारत महान बने इसी संकल्प को लेकर के हम कदम उठाते हैं.
भारत के लिए बदल रहा नजरिया
आज हमने गवर्नेंस के model को बदला है. आज सरकार खुद लाभार्थी के पास जाती है, उसके घर गैस का चूल्हा पहुंचाती है, उसके घर पानी पहुंचाती है, उसके घर बिजली पहुंचाती है, आज सरकार खुद नौजवान के skill development के लिए अनेक कदम उठा रही है. आज विश्वभर में भारत की साख बढ़ी है, भारत के प्रति देखने का नजरिया बदला है. आज विश्व में युवाओं के लिए संभावनाओं के द्वार खुले हैं. मैं कहना चाहूंगा भारत के लिए Golden Era है. यह हमारा स्वर्णिम कालखंड है. आज Tourism, MSMEs, Education, Health sector, Transport sector, खेती और किसानी का सेक्टर, हर सेक्टर में एक नया आधुनिक सिस्टम बन रहा है. हम विश्व की best practices को आगे रखते हुए अपने देश की परिस्थितियों के अनुसार आगे बढ़ना चाहते हैं. बीते वर्षों में Women led development Model पर हमने काम किया है. Innovation, Employment, Entrepreneurship, हर सेक्टर में महिलाओं के कदम बढ़ते जा रहे हैं.














