खबर इंडिया की। मध्य प्रदेश के ग्वालियर में फेसबुक फ्रेंडशिप के जरिए हनी ट्रैप कर कारोबारी से 12 लाख रुपए के गहने लूटने का मामला सामने आया है। शुरुआत में पीड़ित कारोबारी ने कट्टे की नोक पर लूट की शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन पुलिस जांच में पूरी कहानी हनी ट्रैप की निकली।
पीड़ित राजस्थान के कोटा का रहने वाला ऑटो पार्ट्स कारोबारी भरत भूटानी है। वह ग्वालियर में झंग बिरादरी की रामलीला में केवट का किरदार निभाने आया था। इसी दौरान फेसबुक पर उसकी दोस्ती इंदौर की एक महिला नेहा से हुई। नेहा ने ही उसकी मुलाकात ग्वालियर की रीता आर्य से कराई।
इसके बाद रीता और उसकी बेटी निधि ने कारोबारी को शहर की पॉश कॉलोनी गांधी नगर स्थित एक फ्लैट पर मिलने बुलाया। वहां दोनों महिलाएं उसे कमरे तक ले गईं और कुछ समय बाद उनके पुरुष साथी वहां पहुंच गए।
आरोपियों ने कारोबारी पर दुष्कर्म का आरोप लगाने की धमकी दी और कट्टे की नोक पर करीब 12 लाख रुपए के सोने के गहने लूट लिए। घटना के बाद कारोबारी ने पुलिस को लूट की कहानी बताई।
पुलिस ने जब मामले की जांच की और सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो पूरा मामला हनी ट्रैप का निकला। इसके बाद कार्रवाई करते हुए पुलिस ने गैंग की मास्टरमाइंड रीता आर्य, उसके पति राजेंद्र, दामाद विशाल और बेटी निधि को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने आरोपियों के पास से करीब 8 तोला सोने के गहने बरामद किए हैं, जिनमें चेन, कड़ा और तीन अंगूठियां शामिल हैं।
जांच में यह भी सामने आया है कि गैंग फेसबुक पर अधेड़ उम्र के कारोबारियों और मालदार लोगों को निशाना बनाती थी। ‘हैलो-हाय’ से शुरू हुई बातचीत धीरे-धीरे व्हाट्सऐप चैट और एडल्ट बातचीत तक पहुंचती थी। इसके बाद उन्हें फ्लैट पर बुलाकर ब्लैकमेल कर लूट की वारदात को अंजाम दिया जाता था।
पुलिस को आरोपियों के मोबाइल से कई कारोबारियों के नंबर भी मिले हैं। आशंका है कि गैंग ने पहले भी कई लोगों को इसी तरह हनी ट्रैप कर ठगी का शिकार बनाया है। हालांकि बदनामी के डर से ज्यादातर लोग शिकायत करने से बचते हैं।













