उमाकांत त्रिपाठी।पीएम मोदी बुधवार को कर्नाटक में लोगों से 9 संकल्प लेने की अपील की। उन्होंने कहा, मेरी अपील जल संरक्षण और बेहतर जल प्रबंधन को लेकर है। इसके बाद उन्होंने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत वृक्षारोपण, सार्वजनिक और धार्मिक स्थलों की स्वच्छता पर जोर दिया। उन्होंने ‘वोकल फॉर लोकल’ के जरिए स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने, घरेलू पर्यटन को प्रोत्साहित करने, रसायन-मुक्त प्राकृतिक खेती अपनाने, मोटे अनाज (मिलेट्स) के साथ स्वस्थ भोजन को बढ़ावा देने और तेल के कम उपयोग की अपील भी की। पीएम मांडया जिले के श्री क्षेत्र आदिचुंचनगिरि मठ पहुंचे थे। यहां उन्होंने गुरु भैरवैक्य मंदिर का उद्घाटन किया। सौंदर्य लहरी और शिव महिम्न स्तोत्र नामक किताब का विमोचन भी किया। इस मौके पर पूर्व पीएम एचडी देवगौड़ा भी मौजूद थे। यह वोक्कालिगा समुदाय से जुड़ा है।
श्री गुरु भैरवैक्य मंदिर, पूज्य संत डॉ. बालगंगाधरनाथ महास्वामीजी की स्मृति में बनाया गया है। वे आदिचुंचनगिरि महासंस्थान मठ के 71वें पीठाधीश्वर थे। मंदिर को पारंपरिक द्रविड़ शैली में बनाया गया है और इसे उनके जीवन और विरासत को समर्पित स्मारक के रूप में तैयार किया गया है।डॉ. बालगंगाधरनाथ महास्वामीजी सामाजिक सेवा से जुड़े रहे। उन्होंने कई शैक्षणिक संस्थान और स्वास्थ्य सुविधाएं स्थापित कीं। उनका मानना था कि समाज की सेवा ही सबसे बड़ी पूजा है।
पीएम मोदी ने मंगलवार को दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का भी उद्घाटन किया था। 12 हजार करोड़ रुपए की इस परियोजना से दिल्ली से देहरादून की यात्रा का समय छह घंटे से घटकर करीब ढाई घंटे रह गया है।213 किलोमीटर लंबा यह छह लेन एक्सेस-कंट्रोल्ड एक्सप्रेसवे दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड से होकर गुजरता है। इसकी खास बात 12 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड वाइल्डलाइफ सेक्शन है, जिसे एशिया के सबसे लंबे सेक्शनों में एक बताया जा रहा है।














