उमाकांत त्रिपाठी।केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने अपने तीन दिवसीय दौरे के अंतिम दिन शनिवार को जम्मू-कश्मीर में विकास परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा। लोकभवन में एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने केंद्र शासित प्रदेश में बुनियादी ढांचे के विकास और प्रमुख योजनाओं के कार्यान्वयन की प्रगित जानी।अधिकारियों के मुताबिक, बैठक में जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन, जम्मू कश्मीर के मुख्य सचिव अटल डुल्लू और डीजीपी नलिन प्रभात समेत दूसरे लोग शामिल हुए।
बैठक लोक भवन जम्मू में आयोजित की गई, जिसमें जम्मू-कश्मीर के एलजी मनोज सिन्हा, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन, जम्मू-कश्मीर के मुख्य सचिव अटल डुल्लू और पुलिस महानिदेशक नलिन प्रभात सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
शाह ने गुरुवार देर रात जम्मू पहुंचकर अपनी दो दिवसीय यात्रा की शुरुआत की। उन्होंने शुक्रवार को कठुआ जिले में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बीएसएफ के अग्रिम चौकियों का दौरा किया। गिर्नाम और बोबियान चौकियों का निरीक्षण कर उन्होंने सुरक्षा व्यवस्थाओं की जानकारी ली।
कठुआ से लौटकर उन्होंने आतंकवाद से मुक्त जम्मू-कश्मीर के लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित करते हुए सुरक्षा समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने आतंकवाद से लड़ते हुए बलिदान हुए कई पुलिसकर्मियों के परिवारों से मुलाकात कर उन्हें नौकरी के पत्र सौंपे।
बैठक के बाद शाह ने अपने सोशल मीडिया पर लिखा कि उन्होंने जम्मू-कश्मीर भाजपा के कार्यकारिणी सदस्यों, विधायकों और सांसदों के साथ बैठक की और पार्टी के माध्यम से मोदी सरकार की विकास पहलों को आमजन तक पहुंचाने और संगठन को मजबूत करने का संकल्प लिया। केंद्रीय गृह मंत्री शनिवार दोपहर को समीक्षा बैठक के समापन के बाद दिल्ली लौटेंगे।















