उमाकांत त्रिपाठी। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के मुस्लिम शायर अंजुम बाराबंकवी ने श्रीराम पर गजल लिख सुर्खियों में आ गए हैं। ये गजल उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी डाक के जरिये पढ़ने भेजी थी। अब पीएम मोदी ने इस गजल को पढ़कर उन्हें जवाब भेजा है। पीएम मोदी ने न केवल गजल को पढ़ा, बल्कि उनका आभार जताते हुए एक खत भी भेजा।
पीएम मोदी ने की जमकर तारीफ
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पत्र में अंजुम बाराबंकवी की तारीफ करते हुए लिखा, ”आप जैसे देशवासियों द्वारा किए जा रहे प्रयास राष्ट्र को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाएंगे…”शायर अंजुम बाराबंकवी ने कहा, ”वो खुद अवध से आते हैं और उनके जीवन पर श्रीराम का बहुत प्रभाव पड़ा है. जो भी अवध का होगा, वो राम का होगा. राम तो हर अवध निवासी के दिल में हैं।
फतवा जारी हुआ तो नहीं पढ़ेगा फर्क
शायर अंजुम बाराबंकवी ने आगे कहा, राम का व्यक्तित्व उन्हें बचपन से ही प्रभावित करता था, क्योंकि अयोध्यापति ने जो मानक स्थापित किए, वो कोई और नहीं कर सकता। फिर भले ही वो पुत्र के रूप में हों, भाई के रूप में हों, पति के रूप में हों, 14 वर्ष वनवास के दौरान संन्यासी के रूप में हों, राजा के रूप में हों या एक पिता के रूप में हों। शायर अंजुम बाराबंकवी ने कहा, श्रीराम पर गजल लिखने के बाद उनके खिलाफ कोई फतवा भी जारी करे तो उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा।
अंजुम बाराबंकवी की श्रीराम पर लिखी गजल:-
दूर लगते हैं मगर पास हैं दशरथ नन्दन,
मेरी हर सांस का विश्वास हैं दशरथ नन्दन.
दिल के काग़ज़ पे कई बार लिखा है मैंने,
इक महकता हुआ अहसास हैं दशरथ नन्दन.
दूसरे लोगों के बारे में नहीं जानता हूं,
मेरे जीवन में बहुत ख़ास हैं दशरथ नन्दन.
और कुछ दिन में समझ जाएगी छोटी दुनिया,
हम ग़रीबों की बड़ी आस हैं दशरथ नन्दन.
आप इस तरह समझ लीजिए मेरी अपनी,
ज़िन्दगी के लिए मधुमास हैं दशरथ नन्दन.
ये जो दौलत है मेरे सामने मिट्टी भी नहीं,
मेरी क़िस्मत के मेरे पास हैं दशरथ नन्दन.
मेरी ये बात भी जो चाहे परख सकता है,
सच के हर रूप के अक्कास हैं दशरथ नन्दन.














